
इंदौर के एमवाय अस्पताल में समय पर खून नहीं मिलने से पीथमपुर के एक मासूम की मौत हो गई। पिता पवन राय का आरोप है कि गुरुवार सुबह जब डॉक्टर ने बेटे के लिए खून लाने को कहा, तो वह ब्लड बैंक पहुंचे, लेकिन वहां मौजूद गार्ड ने कहा- ‘ब्लड बैंक साढ़े नौ बजे खुलेगा’।
वे बाहर इंतजार करते रहे और इस बीच बेटे ने दम तोड़ दिया। दरअसल, 4 साल के जुड़वां भाई आकाश और विकास बुधवार शाम घर की छत पर खेल रहे थे। तभी विकास ने सरिया उठा ली, जो ऊपर से गुजर रही हाइटेंशन लाइन से टकरा गई। दोनों झुलस गए। एमवाय में भर्ती कराया गया, जहां रात में आकाश की मौत हो गई।
विकास की हालत सुबह बिगड़ी, तब खून मांगा गया। खून नहीं मिला तो उसने भी दम तोड़ दिया।एमवाय अधीक्षक डॉ. अशोक यादव ने कहा- ‘ब्लड बैंक 24 घंटे खुला रहता है, ग्रुपिंग में 1.5 से 2 घंटे लगते हैं, प्रक्रिया शुरू हो गई थी, लेकिन बच्चे की पहले ही मौत हो गई।’
पिता पवन मूलत: बिहार के हैं। दो साल पहले इंदौर आए थे और पीथमपुर की एक साबुन फैक्ट्री में काम करने लगे। 25 मई को दोनों बेटे चार साल के हुए थे। उनका स्कूल में दाखिला करवाने की तैयारी थी।
