
परिवहन विभाग ने नई बसें उपलब्ध न कराने पर इनके परमिट निरस्त कर दिए हैं, अब यदि ये बसें सड़कों पर चलती मिलीं तो जब्त की जाएंगी।
पहले 135 बसों के परमिट निरस्त किए गए, फिर 136 ऑपरेटरों को नोटिस दिया गया
निरस्त बसों की सूची सभी पुलिस अधीक्षकों, डीटीओ और परिवहन सुरक्षा स्क्वाड को भेजी
कई रूटों पर पर्याप्त यात्री नहीं मिलने के कारण ऑपरेटर नहीं लगा रहे नई बसें
इंदौर। इंदौर संभाग में विभिन्न रूटों पर संचालित होने वाली 207 बेस अब सड़कों से हट चुकी हैं, क्योकि परिवहन विभाग ने इनके परमिट निरस्त कर दिए है। यदि यह बसें अब सड़कों पर चलती पाई गई, तो जब्त की जाएगी। ऑपरेटरों द्वारा 15 साल पुरानी बसों के स्थान पर नई बसें उपलब्ध नहीं कराने से परमिट निरस्त किए गए है। कई रूटों पर पर्याप्त यात्री नहीं मिलने से ऑपरेटरों ने संचालन से दूरी बना ली।
जन सुरक्षा और यात्री सुविधा को प्राथमिकता देते हुए आरटीओ इंदौर ने 15 वर्ष से अधिक पुरानी यात्री बसों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। इंदौर संभाग में स्टेज केरिज परमिट पर संचालित 72 बसों के परमिट निरस्त कर दिए गए हैं। वहीं पहले 135 बसों के परमिट निरस्त किए गए थे। यह कार्रवाई उन बस मालिकों पर की गई है, जिन्होंने निर्धारित समय सीमा में अपनी पुरानी बसों को नए मॉडल की बसों से प्रतिस्थापित नहीं किया।
72 ऑपरेटर नई बस उपलब्ध नहीं करा सके
जानकारी के अनुसार पहले 135 बसों के परमिट निरस्त किए थे। बाद में 136 बस ऑपरेटरों को नोटिस जारी किए थे। इसमें 64 बस मालिकों ने नियमों का पालन करते हुए नई बसें संचालित करने के लिए सूची सौंपी थी। जबकि 72 बस ऑपरेटर नई बस उपलब्ध नहीं करा सके।
नियमों की अवहेलना को गंभीरता से लेते हुए इन 72 बसों के स्थायी परमिट संभागायुक्त एवं क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकरण इंदौर के अध्यक्ष डॉ. सुदाम खाड़े द्वारा निरस्त कर दिए गए। साथ ही इन बसों की सूची संभाग के सभी पुलिस अधीक्षकों, जिला परिवहन अधिकारियों (डीटीओ) और परिवहन सुरक्षा स्क्वाड को भेज दी गई है, ताकि कहीं भी संचालन करते पाए जाने पर उन्हें जब्त किया जा सके।
