भगवान जगन्नाथ की रथ यात्रा मंगलवार को उतारा चौराहा से प्रारंभ होकर बड़े ही धूमधाम से बैंड बाजे ढोल नगाड़ों से भगवान की आरती के पश्चात निकाली गई।।।राधे कृष्ण हरे कृष्ण के जयकारों के साथ माता बहने और पुरुष वर्ग यात्रा में सम्मिलित हुए।।।नगर के प्रबुद्ध जनों के द्वारा नारियल के उपर कपूर रख कर अग्नि प्रज्वलित कर आरती की गई।।तत्पश्चात नारियल को फोड़कर यात्रा प्रारंभ की गई।।भगवान जगन्नाथ, बलराम और बहन सुभद्रा के साथ रथ पर विराजमान अपनी अलग ही मनोरथ छबि में नजर आ रहे थे।।प्रत्येक घर के लोग भगवान की एक झलक पाने के लिए आतुर थे।।एक तरफ महिलाए और एक तरफ पुरुष वर्ग रस्से की सहायता से रथ को खीच रहे थे।।।महिलाओं और बच्चों में उत्साह देखने ही लायक था।।नाचते गाते हुए यात्रा को अपने अगले गंतव्य पर ले जाया जा रहा था।।प्रत्येक प्रतिष्ठान से और चौराहों से यात्रा का फूल माला से और प्रसादी वितरण कर स्वागत किया जा रहा था।।ऐसा प्रतीत ही नही हो रहा था की भगवान की यह यात्रा नगर में पहली बार निकल रही है।।हजारों की संख्या में श्रद्धालु यात्रा में शामिल हुए।।प्रशासन ने यात्रा में अपना पूरा सहयोग देकर माकडोन, कायथा , ओर तराना का पुलिस बल भी तैनात किया गया था।।जिससे यात्रा में किसी भी प्रकार की कोई चूक ना हो।।।यात्रा नयापुरा, पुराना पेट्रोल पंप , मंडी गेट , सरदार पटेल चौराहा, होती हुई बस स्टैंड पहुंची। यात्रा का समापन झंडा चौक पर सभी आगंतुक महाराज जनों का स्वागत सत्कार कर तथा उनके द्वारा जगन्नाथ भगवान के बारे विस्तार पूर्वक कथा प्रवचन कर किया गया।।समापन पश्चात जगन्नाथ भगवान की प्रिय चावल की खिचड़ी का सभी नगर वासियों को वितरण कर तथा नुक्ति का प्रसाद वितरण कर किया गया।।।यात्रा प्रबंधन समिति और इस्कान टेंपल से पधारे सभी महाराज जनों ने यात्रा में शामिल सभी भक्तो का आभार माना।।ओर अगले वर्ष और भी उत्साह और उल्लास के यात्रा नगर में निकालने का भी उल्लेख किया।।जानकारी अंतर्राष्ट्रीय हिंदू परिषद उज्जैन जिला अध्यक्ष मुकेश पाटीदार द्वारा दी गई
