
इंदौर से इटारसी जा रही आरजे फौजदार बस सोमवार दोपहर करीब 2 बजे खातेगांव के पास बागदी नदी के पुल के नजदीक पलट गई। जिसमें 50 लोग घायल हो गए हैं। बस हेल्पर कैलाश सोनिया (50) निवासी नेमावर की मौत हो गई। वहीं घायलों में 6 की हालत गंभीर बताई जा रही है।बस में सवार यात्रियों और प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि बस की गति बहुत ज्यादा थी। पुल के पास बस अचानक सड़क से नीचे उतरकर पलट गई। जैसे ही घटना की जानकारी मिली पुलिस, प्रशासन और समाजसेवी घटनास्थल और अस्पताल पहुंचे।
पास में ही क्रेन का सर्विस सेंटर है। यहां से तुरंत क्रेन बुलाकर प्रशासन और स्थानीय लोगों ने बस को सीधा कर दिया। सभी गंभीर घायलों को एंबुलेंस की मदद से अस्पताल रवाना किया गया है।
प्रत्यक्षदर्शी बोले- बस की स्पीड काफी तेज थी
पलटी हुई बस के यात्रियों की मदद के लिए सबसे पहले पहुंचे छबिल मिश्रा अजनास और पीयूष जायसवाल ने बताया कि बस की स्पीड काफी ज्यादा थी। पलटने से पहले बस जिस दिशा से आ रही थी उसी दिशा की ओर मुड़ी फिर पलट गई। यात्री चीख-पुकार कर लोगों से मदद मांगने लगे। जो लोग सबसे पहले पहुंचे उन्होंने कॉल करके और लोगों को मदद के लिए बुलाया। पुलिस और प्रशासन को सूचना दी। तुरंत एंबुलेंस बुलाई गई और पास के क्रेन सर्विस सेंटर से क्रेन बुलाई गई। सभी घायलों को खातेगांव अस्पताल ले जाया गया। यहां से गंभीर घायलों को हरदा अस्पताल रेफर किया गया। जिस समय हादसा हुआ बस में 67 लोग सवार थे। एक की मौत हो गई है। छह की हालत गंभीर है।10 लोगों को बिल्कुल चोट नहीं आई है। 50 घायलों का उपचार जारी है लेकिन उनकी हालत खतरे से बाहर है।
प्राइवेट अस्पताल के डॉक्टर भी पहुंचे मदद करने
घटना की सूचना मिलते ही खातेगांव के प्राइवेट हॉस्पिटल के डॉक्टर भी तुरंत खातेगांव सरकारी अस्पताल पहुंचे और घायलों का उपचार करने में जुट गए। अब तक 7 लोगों को हरदा रेफर किया गया है। अन्य का उपचार खातेगांव अस्पताल में जारी है।
