
इंदौर में इस मामले को लेकर बीजेपी लीगल सेल के महानगर संयोजक निमेष पाठक ने पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के खिलाफ छोटी ग्वालटोली थाने में शिकायत देकर धार्मिक वैमनस्यता फैलाने की शिकायत की है.बीजेपी के मीडिया प्रभारी आशीष अग्रवाल ने ट्वीट कर कहा कि,कहीं कमलनाथ जी ने चुनाव के मद्देनजर आपको माहौल बिगाड़ने का ठेका तो नहीं दे दिया? पहले भी आप खरगोन दंगे के वक्त बिहार की मस्जिद का चित्र साझा कर दंगे भड़काने का प्रयास कर चुके हैं.झूठी खबर फैलाने पर आपकी किरकिरी किसी से छुपी हुई नहीं है.आज आप फिर भ्रामक खबरों को साझा कर समाज में माहौल बिगाड़ने का प्रयास कर रहे हैं.
बताते हैं कि पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के ट्वीट के बाद पूरे दमोह जिले में हड़कंप मच गया. स्थानीय प्रशासन ने तुरंत मामले की जांच के लिए एसडीएम और एसडीओपी को कुंडलपुर भेजा.इसके बाद दमोह एसपी के ऑफिसियल ट्वीटर हैंडल से बताया गया कि हटा एसडीएम और एसडीओ पुलिस द्वारा कुंडलपुर का मौका निरीक्षण किया गया.कुंडलपुर संबंधी यह जानकारी पूर्णतः भ्रामक और तथ्यहीन है.कहा जा रहा है कि कुंडलपुर जैन मंदिर के प्रशासकों के अलावा हिन्दू संगठनों ने भी ऐसी किसी घटना से इनकार किया है.पूर्व मुख्यमंत्री के आरोप के बाद कुंडलपुर कमेटी और बजरंग दल ने संयुक्त रूप से पत्रकारवार्ता कर कहा कि ऐसा कुछ नहीं हुआ है.कुछ असमाजिक तत्वों शराब के नशे में परिसर में प्रवेश किया था,जिन्हें वहां से भगा दिया गया.
