
इंदौर। मध्य प्रदेश शासन की सीखो कमाओ योजना के संबंध में निगमआयुक्त हर्षिका सिंह द्वारा सीटी बस आफिस में बैठक ली गई। बैठक में समस्त अपर आयुक्त, विभागीय अधिकारी, शेक्षणिक संस्थाओ के प्रतिनिधि, आइटीआय विभाग, निगम के तकनीकी अधिकारी व अन्य उपस्थित थे।
आयुक्त हर्षिका सिंह ने बताया कि मध्य प्रदेश कौशल विभाग संचालनालय मध्य प्रदेश तकनीकी शिक्षा कौशल विभाग एवं रोजगार विभाग के माध्यम से मुख्यमंत्री सीखो कमाओ योजना संचालित कि जा रही है। इस योजना का प्रिंन्ट, इलेक्ट्रॉनिक व अन्य साधन से प्रचार-प्रसार करने के संबध में निर्देश दिये गये। साथ ही ऐसे शैक्षणिक संस्थान चिंहित करने जहां पर अधिक से अधिक पात्र युवाओ को प्रशिक्षण दिया जा सके। साथ ही सभी तकनीकी संस्थाओ से चर्चा कर उनके संस्थानो में जाकर छात्रो को मुख्यमंत्री सीखो कमाओ योजना के संबंध में अवगत कराने के संबंध में भी चर्चा की गई। उक्त योजना के संबंध में सुनियोजित प्लानिंग करके हर 2-2 दिन की गेप में विभिन्न माध्यमो से प्रचार-प्रसार करने के संबंध में भी निर्देश दिये गये।
मुख्यमंत्री सीखो-कमाओ योजना के लिए शर्तें
योजना के तहत ऐसे युवा पात्र होंगे।
(क) जिनकी आयु 18 से 29 वर्ष तक हो।
(ख) जो मध्यप्रदेश के स्थानीय निवासी हों।
(ग) जिनकी शैक्षणिक योग्यता 12वीं/आईटीआई उत्तीर्ण या उससे उच्च हो।
योजना के तहत चयनित युवा को “छात्र-प्रशिक्षणार्थी” कहा जाएगा।
योजना के विभिन्न क्षेत्र एवं पाठ्यक्रम
- विनिर्माण क्षेत्र, इंजीनियरिंग, इलेक्ट्रॉनिक्स, मैकेनिकल, सिविल आदि।
- प्रबंधन (मैनेजमेंट एवं मार्केटिंग क्षेत्र)।
- ऐसे क्षेत्र जिनमे प्रशिक्षण उपरांत छात्र-प्रशिक्षणार्थी गिग इकोनोमी एवं ब्लू कॉलर जॉब्स हेतु उपयुक्त होंगे।
- सेवा क्षेत्र होटल मैनेजमेंट, टूरिज्म और ट्रैवल, अस्पताल, रेलवे, आदि।
- आईटी क्षेत्र आईटी और सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट क्षेत्र।
- वित्तीय क्षेत्र बैंकिंग, बीमा, लेखा, चार्टेड अकाउंटेंट और अन्य वित्तीय सेवायें।
- मीडिया और कला।
- कानूनी एवं विधि सेवाएं।
- शिक्षा व प्रशिक्षण।
- विनिर्माण/सेवाओं/व्यापार आदि के अंतर्गत शेष अन्य क्षेत्र के युवा शामिल होगे।

