
राहुल गांधी की सांसदी जाने और अडाणी मामले पर सोमवार को विपक्ष ने ब्लैक प्रोटेस्ट किया। इसमें 17 विपक्षी दल शामिल हुए। सोनिया गांधी भी काले कपड़े पहनकर संसद पहुंची। उधर, लोकसभा में विपक्षी सांसदों ने भारी हंगामा किया। एक सांसद तो लोकसभा स्पीकर ओम बिड़ला के आसन तक पहुंच गया और काला कपड़ा लहराने लगा। यह देख स्पीकर सभा को स्थगित कर चले गए।
दरअसल, सुबह 11 बजे जैसे ही दोनों सदनों की कार्यवाही शुरू हुई। विपक्ष ने नारेबाजी शुरू कर दी। इससे राज्यसभा की कार्यवाही को 2 बजे तक और लोकसभा की कार्यवाही को 4 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया गया।
खड़गे काली पगड़ी में दिखे, बोले-लोकतंत्र के लिए काला अध्याय

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने ट्वीट किया- ‘लोकतंत्र के लिए “काला अध्याय” ! पहली बार सत्ता पक्ष संसद को ठप्प कर रहा है। क्यों? क्योंकि मोदी जी के परम मित्र के काले कारनामे उजागर हो रह हैं ! एकजुट विपक्ष JPC की मांग पर कायम रहेगा।’
खड़गे ने कहा, ‘हम काले कपड़ों में क्यों आए हैं? हम दिखाना चाहते हैं कि पीएम मोदी इस देश में लोकतंत्र को खत्म कर रहे हैं। पहले उन्होंने स्वायत्त संस्थाओं को खत्म किया, इसके बाद जहां-जहां जिसने चुनाव जीता, उसे डरा-धमकाकर पीएम ने अपनी सरकार बनवाई। जो लोग उनके आगे नहीं झुके, उन्हें झुकाने के लिए ED और CBI का इस्तेमाल किया।’
कांग्रेस की ऑल-पार्टी मीटिंग में शामिल हुई TMC
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने आज संसद की कार्यवाही शुरू होने के पहले अपने चैम्बर में विपक्षी दलों के नेताओं की बैठक रखी। इसमें कांग्रेस, डीएमके, सपा, जेडीयू, बीआरएस, सीपीएम, आरजेडी, एनसीपी, सीपीआई, आप और टीएमसी समेत 17 पार्टियां शामिल हुईं। इस बैठक में तृणमूल कांग्रेस का आना चौंकाने वाला रहा। इसे लेकर खड़गे ने कहा कि लोकतंत्र की रक्षा के लिए जो भी आगे आएगा हम उसका स्वागत करेंगे।



रविवार को कांग्रेस नेताओं ने सत्याग्रह किया
रविवार को कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने राजघाट पर राहुल गांधी के संसद से डिस्क्वालिफिकेशन पर पार्टी के नेताओं के साथ सत्याग्रह किया। जिसमें प्रियंका गांधी वाड्रा, राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, केसी वेणु गोपाल, कांग्रेस के पूर्व सांसद और 1984 के सिख विरोधी दंगों के आरोपी जगदीश टाइटलर भी शामिल हुए।
शुक्रवार को हंगामे के बाद संसद कार्यवाही स्थगित हो गई थी
शुक्रवार को संसद के दोनों सदनों में राहुल गांधी के लंदन वाले बयान और अडानी मुद्दे की JPC की मांग को लेकर भारी हंगामा हुआ। हंगामे और नारेबाजी के बीच ध्वनि मत से वित्त विधेयक 2023 लोकसभा से पारित हो गया था। इसके बाद लोकसभा की कार्यवाही 27 मार्च की सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई। वहीं, राज्यसभा की कार्यवाही भी 27 मार्च तक स्थगित हो गई थी।
6 अप्रैल तक प्रस्तावित है बजट सत्र का दूसरा फेज
सदन में भाजपा राहुल गांधी से लंदन में दिए बयान पर माफी की मांग पर अड़ी हुई है। वहीं, हिंडनबर्ग-अडाणी मामले पर कांग्रेस की जॉइंट पार्लियामेंट्री कमेटी (JPC) की मांग बरकरार है। बता दें कि बजट सत्र का दूसरा फेज 13 मार्च से शुरू हुआ था और यह 6 अप्रैल तक चलना प्रस्तावित है।

