
दरअसल दहेज प्रताड़ना के इस मामले में कोलकाता से इंदौर के विजय नगर थाना क्षेत्र में पहुंची, विवाहिता निधि जिंदल ने बताया कि 2020 में उसकी शादी इंदौर के स्कीम नंबर 54 स्थित विजय नगर क्षेत्र के रहने वाले अंकित अग्रवाल से हुई थी शादी के कुछ समय तक तो उन दोनों में अच्छे रिश्ते रहे लेकिन समय बीतने के साथ ही पति अंकित अग्रवाल, लिलुआ हावड़ा कोलक्तता की रहने वाली निधि को अलग-अलग तरह से प्रताड़ित करने लग गया और मारपीट करने लगा , पीड़िता पर अंकित की मां नीलम, बहन पूजा भी परेशान करते थे। जब पीड़िता निधि की सहनशक्ति खत्म हुई तो शादी के करीब 8 माह बाद वह अपने मायके कोलकाता चली गई, जब दोनों के बीच के रिश्ते टूटने की कगार पर आ गए तो पीड़िता ने पति और ससुराल वालों से पिता द्वारा दिए गए दहेज को वापस मांगा जहां आरोपी और उसके परिवार ने ली गई राशि और अन्य सामग्री लौटाने से इंकार कर दिया। जहा पीड़िता की पहल पर मामला कोलकाता की स्थानीय कोर्ट में पहुंचा, समय बीतने के बाद कोर्ट ने कोलकाता पुलिस को आदेश दिए कि वह इंदौर पहुंचे और आरोपित युवक से दहेज की राशि और सामग्री की रिकवरी करें। इसी कड़ी में सोमवार को पीड़िता कोलकाता के हावड़ा के बेंगलुरु पुलिस के साथ इंदौर के विजय नगर थाने पहुंची जहां विजय नगर पुलिस के सहयोग से थाना क्षेत्र के रहने वाले अंकित के 3 बैंक अकाउंट की जांच पड़ताल के साथ रिकवरी की जा रही है। बताना चाहेंगे की , दहेज प्रताड़ना के इस मामले में फिलहाल पति पत्नी के बीच तलाक नहीं हुआ है।
