
- इंदौर की 50 सालों की जरूरतों को ध्यान में रखकर बनेगा नया स्टेशन
- इंदौर रेलवे स्टेशन विश्व स्तर का बनेगा
- सरवटे बस स्टैंड और मेट्रो से भी जुड़ेगा नया स्टेशन
- अत्याधुनिक सुविधाओं से पूर्ण होगा रेलवे स्टेशन
- सांसद लालवानी ने लोकसभा में उठाया था ये मुद्दा
- सांसद लालवानी ने रेलमंत्री से भी भेंट की थी
- मॉल, कमर्शियल और बड़े पार्किंग एरिया भी होंगे
सांसद शंकर लालवानी के प्रयासों इंदौर को विश्वस्तरीय रेलवे स्टेशन मिलने जा रहा है। ये अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस स्मार्ट स्टेशन को इंदौर की आगामी पचास सालों की ज़रुरतों को ध्यान में रखकर बनाया गया है।
रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव जी इस प्रोजेक्ट के डिज़ाइन और प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है।
इंदौर की इस ऐतिहासिक उपलब्धि के लिए सांसद शंकर लालवानी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव का आभार मानाI
वर्तमान रेलवे स्टेशन के सामने मौजूद, रेलवे रिज़र्वेशन कार्यालय एवं रेलवे की कॉलोनी को मिलाकर स्टेशन बनाया जाएगा। यानी शास्त्री ब्रिज, पटेल ब्रिज, पटेल प्रतिमा से यूनिवर्सिटी तक के पूरे क्षेत्र में ये नया स्टेशन फैला हुआ होगा।
नए स्टेशन से सरवटे बस स्टैंड तथा मेट्रो की कनेक्टिविटी का भी विशेष ध्यान रखा जाएगा।
रेलवे स्टेशन के सामने जाने वाली बीच की सड़क यथावत रहेगी, बीच में पुल बनाकर रेलवे स्टेशन और अन्य हिस्से को जोड़ा जाएगा।
रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव से प्रोजेक्ट के डिज़ाइन और प्रस्ताव को मंजूरी मिलने के बाद ये प्रस्ताव अब आगे की कार्रवाई हेतु वेस्टर्न रेलवे के जीएम कार्यालय भेजा गया है।
डिटेल सर्वे और टेंडर की प्रक्रिया में करीब 4-5 माह का समय लग सकता है जिसके बाद काम शुरू होगा।
सांसद शंकर लालवानी ने कहा कि मा.प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी और रेलमंत्री श्री अश्विनी वैष्णव जी का आभार। इंदौर की दैवतुल्य जनता को बहुत बड़ी सौगात मिली है और ये ऐतिहासिक अवसर है।
एक अनुमान के मुताबिक 50 साल बाद यानी वर्ष 2070 में 12,000 यात्री प्रति घन्टे के हिसाब से स्टेशन पर यात्रियों का आवागमन होगा और इसी को ध्यान में रखकर स्टेशन की योजना बनाई गई है।
इस नए स्टेशन में मॉल, कमर्शियल एरिया, होटल जैसी अत्याधुनिक सुविधाएं भी होगी। साथ ही, एक बेहद बड़ी पार्किंग भी उपलब्ध होगी।

