खरीफ फसलों की बोवनी की तैयारी हेतु प्रदेश में खाद का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है। वर्तमान स्थिति में लगभग 5627 मेट्रिक टन यूरिया, 2393 मेट्रिक टन डीएपी, 9986 मेट्रिक टन एनपीके, इस प्रकार 12079 मेट्रिक टन डीएपी एनपीके तथा 9281 मेट्रिक टन एसएसपी खाद उपलब्ध है।
उप संचालक कृषि ने बताया कि इंदौर जिले में भी उर्वरक का पर्याप्त मात्रा में भंडारण है। उर्वरक की कोई कमी नहीं है। विषम वैश्विक परिस्थितियों के उपरांत भी भारत सरकार द्वारा प्रदेश में उर्वरकों की आपूर्ति निर्विघ्न तथा तय कार्यक्रम अनुसार निरंतर की जा रही है। प्रदेश में उपलब्ध खाद सोसायटी वार, मार्कफेड के डबल लॉक केंद्रवार, निजी दुकानवार ई-विकास पोर्टल पर उपलब्ध है।
कृषि विभाग द्वारा किसानों से अपील की गई है कि वे आवश्यकतानुसार खाद सोसायटी/दुकान से ई-विकास पोर्टल के माध्यम से बुकिंग कर खाद ले सकते हैं। ई-विकास प्रणाली में राजस्व पट्टाधारी, वन पट्टाधारी, सिकमी किसान, शारीरिक रूप से अक्षम किसान, वृद्ध किसान, मृतक किसान के वारिसान तथा धार्मिक संस्थान/ट्रस्ट, आदि की जमीन के लिए खाद उपलब्ध कराने हेतु सुविधा दी गयी है।
किसान द्वारा खरीफ की फसलों की बोवनी हेतु फसलों की अनुशंसित खाद की मात्रा अनुसार यूरिया, एसएसपी, एनपीके, डीएपी, पोटाश खाद की पूर्ण मात्रा को एक बार में ही लिया जा सकता है। यदि किसान चाहे तो पुनः पोर्टल पर प्रक्रिया का पालन कर अपनी सुविधा अनुसार खाद बुक कर ले सकता है।
