इंदौर के भंवरकुआ क्षेत्र की एक 14 साल की छात्रा ने गुरुवार शाम अपने घर के ऊपरी कमरे में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। वह 8वीं कक्षा में पढ़ती थी और दोपहर में स्कूल से लौटने के बाद अपनी बड़ी बहनों के साथ बाहर गई थी। शाम को वह ऊपर कमरे में चली गई। जब देर तक नीचे नहीं आई तो उसकी बहन उसे देखने गई, जहां वह फंदे पर लटकी मिली।
परिजन उसे फौरन आरके हॉस्पिटल लेकर पहुंचे, जहां से उसे एमवाय अस्पताल रेफर किया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
युवक कर रहा था परेशान, पहले भी पुलिस को दी थी जानकारी
मृतका के रिश्तेदार गोपी ने बताया कि गली में रहने वाला एक युवक स्कूल आते-जाते उसे परेशान करता था। वह कई बार घर के आसपास भी घूमता रहता था। तीन महीने पहले परिजनों ने भंवरकुआ थाने में महिला पुलिस अधिकारी को इसकी लिखित शिकायत भी दी थी। उस समय पुलिस ने युवक को समझाइश दी थी, लेकिन इसके बाद भी वह अपनी हरकतों से बाज नहीं आया।
परिजनों का कहना है कि बच्ची इस वजह से काफी तनाव में थी। शायद इसी कारण उसने यह कदम उठाया।
न कोई सुसाइड नोट मिला, न मोबाइल में कुछ संदिग्ध
पुलिस के मुताबिक, छात्रा के पास से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। उसका मोबाइल जब्त कर लिया गया है, लेकिन फिलहाल उसमें कोई संदिग्ध बात सामने नहीं आई है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
छात्रा के माता-पिता रसोई का काम करते हैं और घटना के समय घर पर नहीं थे।
