क्रिप्टो करंसी में निवेश के नाम पर धोखाधड़ी करने वाले आरोपित को क्राइम ब्रांच ने सोमवार को गिरफ्तार किया आरोपित सुनील उर्फ आशीष पाल खुद को क्रिप्टो स्ट्रीट का सीईओ बताता था आरोपित कंपनी में निवेश के नाम पर लोगों को राशि दोगुना करने का झांसा देकर रूपये जमा करवाता था इसका एक साथी पूर्व में पकड़ा जा चुका है क्राइम ब्रांच को पश्चिम बंगाल की फरियादिया लक्ष्मी शर्मा ने शिकायत में बताया था कि इंदौर के डा. प्रधान ने क्रिप्टो करंसी में निवेश पर प्रतिदिन एक प्रतिशत और 10 माह में चार गुना से अधिक मुनाफा देने का झांसा दिया इसके बाद आठ लाख से ज्यादा रुपये अपनी फर्म आरएफ तीन वर्ल्ड के खातों में जमाकर न मुनाफा दिया और न राशि वापस की आरोपित की है फर्जी कंपनी क्राइम ब्रांच की पूछताछ एवं जांच में पता चला कि आरोपित की क्रिप्टो स्ट्रीट कंपनी सेबी से रजिस्टर्ड न होकर फर्जी कंपनी है, जिसे इंदौर से संचालित कर देश के विभिन्न राज्यों के लोगों को इंटरनेट मीडिया के विभिन्न प्लेटफार्म पर क्रिप्टो करेंसी की रजिस्टर्ड कंपनी होना बताकर तीन गुना मुनाफा देने जैसे झूठ बोलकर ठगी करते थे निवेश से रुपये लेकर उन्हें क्रिप्टो करंसी में मुनाफा भेजते थे, जिन्हें निवेशकों द्वारा रीडिम करवाने पर, पैसे उनके एकाउंट में नहीं आते थे आरोपित ने इस प्रकार मध्यप्रदेश सहित विभिन्न राज्यों के 18-20 लोगों को प्रतिदिन झांसे में लेते थे करीब एक करोड़ से अधिक रुपए की ठगी की शिकायतें इनके खिलाफ मिली थी पूर्व में मुख्य आरोपित डा. निरंजन प्रधान को गिरफ्तार कर
