पंजों के निशान और विष्ठा मिली, आज लगाएंगे पिंजरे। कैट परिसर में तेंदुए को ढूंढने के लिए वन विभाग रणनीति बनाने में लगा है।
इन्फोसिस और टीसीएस के बाद अब आरआर प्रगत प्रौद्योगिकी केंद्र (आरआर कैट) में तेंदुए का मूवमेंट देखा गया है। परिसर में तेंदुए की धमक के बाद रहवासी डरे हुए हैं। परिसर में रहने वालों को अकेले घूमने से मना कर दिया गया है। सूचना मिलते ही वन विभाग ने सर्चिंग शुरू कर दी। कई स्थानों पर तेंदुए की मौजूदगी से जुड़े प्रमाण मिले हैं। दो से तीन स्थानों पर पंजों के निशान और विष्ठा मिली है। अब मंगलवार को दो स्थानों पर पिंजरे लगाए जाएंगे।कैट की सुरक्षा व्यवस्था संभाल रही
सीआइएसएफ के जवान ने सोमवार को दो तेंदुओं को देखा। यह खबर आग की तरह कैट क्षेत्र में आने वाली कालोनियों में फैल गई। दहशत में आए लोगों ने वन विभाग को सूचना दी। दोपहर 2 बजे रालामंडल की रेस्क्यू टीम पहुंची। परिसर के अलग-अलग हिस्सों में वनकर्मियों को भेजा गया। उन्हें दो से तीन स्थानों पर पंजों के निशान मिले हैं। सूत्रों के मुताबिक लोगों ने तेंदुए सहित दो शावक होने की बात कही, मगर सर्चिंग के दौरान वनकर्मियों को शावक के पंजों के निशान नहीं मिले हैं। दरअसल, परिसर में झाड़ियां काफी बढ़ी हुई हैं। इससे भी वनकर्मियों को तेंदुए को ढूंढने में दिक्कत हुई। वनकर्मियों के मुताबिक पंजों के निशान के आधार पर तेंदुआ वयस्क है। उसकी उम्र चार से सात वर्ष के बीच बताई जा रही है।
फिलहाल परिसर के कुछ हिस्सों में अभी सर्चिंग होना बाकी है, जो मंगलवार सुबह से शुरू की जाएगी। रेस्क्यू टीम के रेंजर योगेश यादव भी पहुंचे थे। मुरालीलाल धाकड़, सोहनलाल दशोरिया, शेरसिंह कटारा ने तीन से चार घंटे सर्चिंग की। रेंजर यादव का कहना है कि मंगलवार को परिसर में पिंजरे लगाएंगे।
कैट परिसर में तेंदुए को ढूंढने के लिए वन विभाग रणनीति बनाने में लगा है। मंगलवार को ड्रोन से तेंदुए की सर्चिंग होगी, क्योंकि परिसर में झाड़ियां होने से ढूंढने में काफी परेशानी हो रही है। वैसे वनकर्मियों ने मुनादी करवा दी। उन्होंने लोगों को शाम को अकेले निकलने से मना कर दिया है। वहीं समूह में रहने की हिदायत दी है।
