जिला कोर्ट ने खारिज कर दिया परिवाद
बारात में नाचते समय दो पक्षों में मारपीट हुई। एक व्यक्ति को चोट लगी तो क्लेम हासिल करने के लिए फर्जी एक्सीडेंट होना बताकर जिला व सत्र न्यायालय में परिवाद दायर कर दिया। प्रधान जिला व सत्र न्यायाधीश की कोर्ट के समक्ष इस मामले की सुनवाई हुई। कोर्ट ने सभी पक्षों को सुनने के बाद परिवाद खारिज कर दिया। अमन नामक युवक ने 29 लाख रुपए का मुआवजा दिलाने के लिए परिवाद दायर किया था। उल्लेख किया था कि 25 नवंबर 2020 को दतोदा के समीप रात साढ़े 9 बजे एक बोलेरो ने उसे टक्कर मार दी। इससे उसके पैर में फ्रैक्चर हो गया। और भी कई जगह चोट आई। कार चालक, मालिक और बीमा कंपनी की लापरवाही मानते हुए उसने क्लेम दिए जाने की मांग की। बीमा कंपनी की ओर से अधिवक्ता मुजीब खान ने पैरवी की।
जवाब में कहा कि जिस बोलेरो से एक्सीडेंट होना बताया गया वह मौके पर थी ही नहीं। घटना के तीन दिन बाद एफआईआर दर्ज कराई गई। घटना के वक्त बारात निकल रही थी, जिसमें अमन भी शामिल था। बारात में आपसी विवाद होने से उसके पैर में फ्रैक्चर हो गया था। इसे एक्सीडेंट का नाम देकर जबरन क्लेम हासिल करने का प्रयास किया जा रहा है।
