हो सकता है इंदौर के ”संभागायुक्त दीपक सिंह” आपको मैसेज करके कहें कि ”मेरे एक मित्र का इंदौर से ट्रांसफर हो गया… उन्हें अर्जेंट अपने घर का सामान सस्ते दामों पर बेचना है…आदि” इस तरह की बातों में उलझाकर वे आपसे आपकी अकाउंट डिटेल या अन्य रुपयों की मांग करें… लेकिन आपको उनकी बातों में नहीं आना है… दरअसल, इंदौर के ”असली संभागायुक्त” दीपक सिंह ने सोशल मीडिया अकाउंट पर अलर्ट किया है कि ”किसी व्यक्ति ने मेरे नाम की फर्जी प्रोफाइल बना ली है और राशि की मांग कर रहा है… कृपया फ्रेंड रिक्वेस्ट स्वीकार न करें… उन्होंने किसी भी तरह की राशि देने से भी इनकार किया है… श्री सिंह ने यह भी कहा कि वह झांसे में आकर कोई सामान भी न खरीदें और ब्लॉक कर दें…” मालूम हो कि पहले भी दीपक सिंह जी की आईडी इसी तरह हैक हो चुकी है… इस तरह के मामलों में यह चर्चा आम रहती है कि जब अधिकारियों, पुलिस अफसरों से लेकर अन्य ख्याती प्राप्त व्यक्तियों के सोशल मीडिया अकाउंट इस तरह आसानी से हैक हो जाते हैं तो आमजन का ”भगवान ही मालिक” है..!
