इंदौर की सिमरोल पुलिस ने कार लूट के मामले में आरोपियों को गिरफ्तार कर , पूरे मामले का खुलासा कर दिया है वहीं आरोपियों ने एक कार को लूटा था और ड्राइवर को बंधक बनाकर जंगल में छोड़ दिया था इस पूरे ही मामले में जैसे तैसे कर ड्राइवर ने पूरे मामले की शिकायत पुलिस को की और पुलिस ने कुछ ही घंटे में पूरे घटनाक्रम का खुलासा कर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
पूरा मामला इंदौर के सिमरोल थाना क्षेत्र का है सिमरोल पुलिस ने फरियादी साहिब अली की शिकायत पर लूट का प्रकरण दर्ज किया वहीं साहिब अली ने पुलिस को जानकारी देते हुए बताया कि फिनिक्स मॉल एबी रोड के पास से तीन अज्ञात व्यक्तियों को ओंकारेश्वर के लिए लेकर निकला था इसके बाद रास्ते में बाईपास स्थित भारत पेट्रोलियम पर सीएनजी गैस डलवाई थी जिसके बाद तीनों व्यक्तियों ने चोरल से वाइन शॉप पर मेरी गाड़ी रुकवाई थी जहां पर तीनों लोगों ने बीयर ली और आगे चलकर मैं सनावद में एक पेट्रोल पंप पर फिर से सीएनजी गैस भरवाई, तथा सनावद में भी तीनों व्यक्तियों ने फिर से शराब पी इसके बाद हम लोग ओंकारेश्वर के लिए निकले ओंकारेश्वर के रास्ते पर थोड़ी दूर चलने पर तीनों बदमाशों ने मुझे बोला कि हमें पेशाब करना है जिसके चलते मैंने गाड़ी सुनसान इलाके में रोक दी इसके बाद तीनों बदमाश वापस गाड़ी में आए और पीछे बैठ गए इसके बाद पीछे बैठे एक व्यक्ति ने मेरे दोनों हाथ पकड़ लिए तथा आगे बैठे व्यक्तियों ने मेरे सिर पर कपड़ा डाल दिया फ़िर तीनों बदमाशों ने मुझे ड्राइवर सीट से खींचकर पीछे वाली सीट पर नीचे दबा कर बैठा दिया और उसके बाद रस्सी निकालकर मेरे हाथ पैर बांध दिए इसके साथ तीनों बदमाशों ने मेरे साथ मारपीट की और चाकू अड़ाकर दोनों मोबाइल और कार में रखे ₹8000 रुपए छीन लिए इसके बाद तीनों बदमाश मेरी कार लेकर मुझे एक जंगल के रोड की पुलिया के पास फेंक कर फरार हो गए जैसे तैसे कर फरियादी साहिब अली जंगल से होता हुआ पास में ही मौजूद एक गांव में पहुंचा और वहां से पूरे मामले की जानकारी सिमरोल पुलिस को दी इसके बाद सिमरोल पुलिस ने पूरे ही मामले में सीसीटीवी फुटेज व अलग-अलग तरह से जांच पड़ताल करते हुए संदीप , कृष्ण और अन्य नाबालिक को गिरफ्तार किया है जहां दो आरोपी इंदौर के रहने वाले हैं तो वहीं तीसरा नाबालिक देवास का रहने वाला है वही पकड़े गए आरोपियों से जब लूट की वारदात को अंजाम देने के उद्देश्य के बारे में पूछताछ की तो उन्होंने बताया कि उन्हें महंगी गाड़ियां चलाने और ब्रांडेड कपड़े खरीदने का शौक है और इस लूट की गाड़ी को वह बेचकर अपने शौक को पूरा करना चाहते थे लेकिन पुलिस ने इस पूरे ही मामले में आरोपियों को गिरफ्तार कर पूरे घटनाक्रम का खुलासा कर दिया।
