
वाहन मालिक घर बैठे कर सकेंगे पुराने वाहनों के नाम ट्रांसफर, वाहन पोर्टल पर जाकर कुछ जानकारी देना होगी।
पुराने वाहनों के नाम ट्रांसफर, वाहनों से फाइनेंस कटवाना, वाहन की एनओसी लेना जैसे कामों के लिए अब आरटीओ जाने से 2 जनवरी से मुक्ति मिल जाएगी। अब लोग घर बैठे यह काम करवा सकेंगे। पहले यह सुविधा गैर व्यावसायिक वाहनों के लिए मिलेगी। बाद में इसे सभी प्रकार के वाहनों के लिए शुरू कर दिया जाएगा।
आरटीओ प्रदीप शर्मा ने बताया कि हमने इसके लिए 18 दिसंबर से पुराने सिस्टम को बंद कर दिया था। मध्य प्रदेश परिवहन के सर्वर पर मौजूद हमारे करीब 13 लाख वाहनों का डाटा को हमने केन्द्रीय सड़क परिवहन राजमार्ग मंत्रालय के वाहन पोर्टल पर ट्रांसफर कर दिया है। अब सोमवार यानी 2 जनवरी से इसे लागू कर दिया जाएगा। शुरुआत में आने वाली दिक्कतों को लेकर हमने आइटी टीम को अलर्ट पर रखा है। बाद में इसे सभी प्रकार के वाहनों के लिए कर देंगे। शर्मा ने बताया कि जो आवेदक अपने आधार कार्ड की मदद से यह काम करेंगे, उन्हें कार्यालय आने की जरूरत नहीं पड़ेगी। जो लोग आधार कार्ड के बिना यह काम करेंगे, उन्हें अपने दस्तावेज लेकर कार्यालय आना पड़ेगा।
कुछ ऐसी रहेगी नई व्यवस्था
- वाहन पोर्टल पर जाकर आनलाइन सेवाओं का विकल्प चुनना होगा।
- वाहन का नंबर डालना होगा।
- यहां पर नाम ट्रांसफर, फाइनेंस कैंसिलेशन, डुप्लीकेट पंजीयन कार्ड जैसे विकल्प आएंगे।
- संबंधित विकल्प का चुनाव करना होगा।
- यहां पर मोबाइल नंबर डालना होगा, इसके बाद एक ओटीपी आएगा, इसे डालना होगा।
इसके बाद वाहन मालिक की जानकारी डालनी होगी।
- आधार नंबर और अन्य जानकारी देनी होगा, जिसके बाद ओटीपी आएगा।
- वाहन विक्रेता को भी अपनी जानकारी देनी होगी, उसे भी ओटीपी डालना होगा।
- इसके बाद भुगतान करना होगा।
- प्रक्रिया पूरी होने का मैसेज आ जाएगा।
अगर क्रेता और विक्रेता का आधार कार्ड नहीं है, तो फीस की रसीद की प्रिंट निकाल कर वाहन के सभी दस्तावेज और अपलोड किए दस्तावेज लेकर आरटीओ में संबंधित लिपिक के पास जाना होगा। वह नोटशीट लिखकर फाइल आगे बढ़ा देगा।

