इंदौर के छोटा बांगड़दा स्थित एक स्कूल में पिलाई गई आयरन की दवाई , दवाई के कारण कई बच्चो की हुई तबीयत खराब , संभवत दवाई के कारण स्कूल में पढ़ने वाले बच्चों की हुई तबीयत खराब , एक बच्चे की दवाई पीने के बाद हुई तबीयत खराब , तबियत खराब होने के कारण बच्चे को किया गया हॉस्पिटल में भर्ती इस मुद्दे पर आज
एनसीपीसीआर सदस्य डॉ. दिव्या गुप्ता आज ने रेसीडेंसी कोठी पर हैल्थ डिपार्टमेंट, एजुकेशन डिपार्टमेंट और महीला बाल विकास के प्रमुख उपस्थित बैठकली
सदस्य डॉ. दिव्या गुप्ता मीडिया से चर्चा के दौरान बताया कि मेरा निवेदन यह था कि उसे बच्चों को लेकर जो जानकारी तो हमको लेनी ही थी क्यों उसके साथ क्या हुआ लेकिन यह हमारी सरकार का जिसमें हम बच्चों को आर्यन डिफिसिट दवा पिलाते हैं सरकार की नियत में बच्चों के लिए तो अच्छा ही चाहती है जहां 120 बच्चों को दवाई पिलाई गई थी एक बच्चे में रिएक्शन हुआ उसके रिएक्शन का कारण क्या रहा क्यों रहा उसके अनुपात का इस बात की जानकारी लेने के लिए आज एक बैठक इसमें सभी विभागीय और स्वास्थ्य अधिकारी मौजूद रहे चाचा नेहरू हॉस्पिटल हम गए भी थे और बच्चे से मिले भी हैं डॉक्टर से जानकारी भी ली है किस तरीके से उसको साइंटिफिक बना सकते हैं किस तरीके से डाटा कलेक्शन सुधार किया जा सकता है इस बारे में हमने संज्ञान लिया है वह दवा जिस कंपनी की है उसे सेंपलिंग के लिए इन दावाओ को हमने लैब में भेज दिया है वापस इस कंपनी से हमें दवा बनवानी है या नहीं बनवानी है इसके बारे में भी हम संज्ञान लेंगे
