अंग्रेजी में कमजोर इंजीनियरिंग की छात्रा ने हॉस्टल में लगाई फांसी

By Abhishek Raghuvanshi
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इंदौर के श्री गोविंदराम सेकसरिया प्रौद्योगिकी एवं विज्ञान संस्थान (एसजीएसआइटीएस) की छात्रा दीप्ति मंडलोई ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। छात्रा ने डायरी में सुसाइड नोट लिखा है। उसकी स्कूली पढ़ाई हिंदी मीडियम स्कूल से हुई है। अंग्रेजी में कमजोर होने के कारण वह मानसिक रूप से परेशान थी। पांच विषयों में एटीकेटी भी आई थी। तुकोगंज थाना प्रभारी कमलेश शर्मा के मुताबिक, मूलत: पेनपुर गोगांवा (खरगोन) निवासी 19 वर्षीय दीप्ति परिवहन मंडलोई प्रथम वर्ष की छात्रा थी। वह दो सहेलियों के साथ हॉस्टल में ही रहती थी। सुबह सहेलियों से तबीयत खराब होने का जिक्र किया और वह रूम पर ही रुक गई। दोपहर को सहेलियां लौटी तो रूम का दरवाजा अंदर से बंद था। वार्डन की मदद से दरवाजा तोड़कर देखा तो दीप्ति रस्सी से फांसी लगाकर जान दे चुकी थी।

‘मैं आपके सपने पूरे नहीं कर सकी’
थाना प्रभारी के मुताबिक, दीप्ति रोज डायरी लिखती थी। एक डायरी में उसने माता-पिता को संबोधित करते हुए लिखा कि मैं आपके सपने पूरे नहीं कर सकी। उसकी अंग्रेजी कमजोर थी। गांव में स्कूली शिक्षा हिंदी मीडियम स्कूल से की थी। इंजीनियरिंग की सारी पुस्तकें अंग्रेजी में हैं। इस कारण उसे शर्मिंदगी महसूस होती थी। एक महीने पूर्व ही उसका रिजल्ट आया था। पांच विषयों में उसका रिजल्ट खराब रहा था।

पुलिस ने जब्त किया सुसाइड नोट
थाना प्रभारी के मुताबिक, स्वजन भी इस बात को जानते थे कि दीप्ति परेशान है, लेकिन उन्हें यह नहीं पता था कि कमजोर अंग्रेजी के कारण वह आत्महत्या कर सकती है। फिलहाल पुलिस ने सुसाइड नोट जब्त कर लिया है। मर्ग कायम कर जांच कर रहे हैं।

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