खरगोन दंगे: शिवम का जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष जारी, बहन की शादी टली

By Abhishek Raghuvanshi
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Khargone riots

खरगोन. रामनवमी के दिन हुए उपद्रव में गोली लगने से गंभीर रूप से घायल शिवम पिता पुरुषोत्तम शुक्ला (16) चार दिन से इंदौर के सीएचएल अपोलो हॉस्पिटल में भर्ती है। जिसका जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष जारी है। सिर में गंभीर चोट लगी है। इसलिए उसे अभी तक होश नहीं आया। 17 अप्रैल को बहन कृतिका शुक्ला की शादी होना है। जिसकी बरात गुजरात से आना थी। लेकिन घटना के बाद दोनों परिवार ने शादी को टालने का निर्णय लिया है। शिवम मूल रूप से निसरपुर (धार) का रहने वाला है। खरगोन के दांगी मोहल्ला में मामा सुरेंद्र जोशी के यहां रहकर पोलिटेक्निक कॉलेज से डिप्लोमा कर रहा। रविवार को शिवम, मामा का लड़का मंथन जोशी और मोहल्ले के कुछ दोस्तों के साथ रात 8 बजे सिद्धनाथ मंदिर में दर्शन के लिए जा रहे थे। तभी उपद्रवियों ने पथराव कर दिया। इसी दौरान गोली चलने से शिवम गंभीर रूप से घायल हो गया। जिसे जिला अस्पताल और फिर इंदौर भेजा गया। इस घटना से परिवार सहित मोहल्लेवासी अभी तक खौफजदा है। संभाग आयुक्त पवन शर्मा ने बताया कि घायल शिवम की हालत में पहले से सुधार है। उसे वेंटीलेटर से हटाया गया है। कल वार्ड में शिफ्ट किया जाएगा।

जनप्रतिनिधि और प्रशासन की उपेक्षा
दंगों के दौरान गोली लगने की बड़ी घटना परिवार के साथ होने के बावजूद अभी तक किसी ने सुध नहीं ली। बुधवार को कलेक्टर ने कई प्रभावित क्षेत्रों का दौरा किया, किंतु वह जोशी परिवार से मुलाकात के लिए पहुंची और ना ही जनप्रतिनिधियोंं ने कोई सुध ली। जबकि मोहल्ले से कुछ दूरी पर विधायक रवि जोशी का निवास है, किंतु वह भी मुलाकात के लिए नहीं पहुंचे।

सामाजिक संगठनों ने की मदद
शिवम के स्वास्थ्य को लेकर हर कोई चिंतित और परश्ेाान है। जिसकी मदद के लिए कई संगठन आगे आए है। सकल हिंदू समाज द्वारा करीब साढ़े तीन लाख रुपए की राशि इकट्टा की है। जो परिवार तक पहुंचा दी गई है। रिश्तेदार जितेश जोशी ने बताया कि मंगलवार को सीएम हाउस से फोन कर तबीयत को लेकर जानकारी ली गई। इलाज में खर्च के लिए मुख्यमंत्री राहत कोष से आर्थिक मदद का आश्वासन दिया गया।

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