इंदौर राज्य साइबर पुलिस ने क्रिप्टो करेंसी एप्स से फर्जी आईडी बनाकर फेक अमाउंट क्रेडिट दिखाकर बोनस और रिकॉर्ड अपने ही परिचितों की फेक आईडी बनाकर उसमें डाल कर तकरीबन 6 करोड़ 70 लाख की धोखाधड़ी करने वाले सॉफ्टवेयर इंजीनियर को गिरफ्तार किया है । दरअलस इंदौर के विजय नगर क्षेत्र के नो बॉर्डर्स टेक्नोलॉजी प्राइवेट लिमिटेड के पीयूष सिंह ने साइबर सेल में आकर शिकायत की थी कि उन्होंने जापान के उनके एक क्लाइंट रियोत केशी कुबो के लिए उन्होंने क्रिप्टो करेंसी एप्लीकेशन बनाई थी इस एप्लीकेशन में इन्वेस्टमेंट करने के बाद कंपनी बोनस और रिवार्ड ई वॉलेट में ट्रांसफर करते थे । विजय नगर स्थित सॉफ्टवेयर कंपनी से ही जुड़े संदीप गोस्वामी को इस मामले में पुलिस ने गिरफ्तार किया । क्योंकि संदीप ने ही इस एप्लीकेशन को तैयार किया था और कंपनी के कई इंपॉर्टेंट एक्सेस वह जानता था इस माध्यम से उसने ई वॉलेट के अंदर फेक आईडी बनाकर फेक अकाउंट क्रेडिट दिखाएं और इस आधार पर उसने अपने परिजनों के नाम पर ई वॉलेट में 25 बीटीसी , 30 ईटीएच क्रिप्टो करेंसी अपने अकाउंट में ट्रांसफर कर उसे बिटकॉइन में करेंसी एक्सचेंज के माध्यम से कन्वर्ट कर परिजनों के अकाउंट में ट्रांसफर कर लिया था । इनकी अनुमानित कीमत 6 करोड़ 70 लाख रुपए आंकी गई है । संदीप गोस्वामी ने इंदौर के
जीएसआईटीएस कॉलेज से सॉफ्टवेयर इंजीनियर और फिर एमटेक किया हुआ है और वह इंदौर के आईटी पार्क में एक आईटी फर्म में भी काम कर चुका है । गिरफ्तार किया गया युवक काफी टेक्निकल साउंड है और कई कोडिंग को जानता है । पुलिस ने आरोपी को अरेस्ट कर लिया है और इस बारे में उससे और पूछताछ की जा रही है ।
