
कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के गंगा नदी को लेकर दिए गए बयान का इंदौर में श्री परशुराम सेना द्वारा विरोध किया गया। मंगलवार को रीगल चौराहे पर गांधी प्रतिमा के सामने खड़गे की सद्बुद्धि के लिए हवन किया गया और हवन कुंड में आहुति डाली गई। सेना के पदाधिकारियों ने खड़गे के खिलाफ थाने में शिकायत दर्ज कराने की बात भी कही।
सद्बुद्धि हवन का आयोजन
मंगलवार को श्री परशुराम सेना के पदाधिकारी हवन कुंड और सामग्री लेकर रीगल चौराहे पहुंचे। यहां खड़गे की कथित विवादित टिप्पणियों के खिलाफ हवन किया गया। पदाधिकारियों का आरोप है कि खड़गे ने हिंदुओं की धार्मिक भावनाओं को आहत किया है।
सेना के सदस्यों ने कहा कि कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे लगातार हिंदू आस्थाओं के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं। उनके बयान से हिंदुओं की धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं। सेना ने खड़गे को सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की है।
कांग्रेस पर तीखे आरोप
श्री परशुराम सेना के प्रदेश अध्यक्ष अनूप शुक्ला ने खड़गे और कांग्रेस पार्टी पर तीखा हमला करते हुए कहा, “कांग्रेस की रीति-नीति अब हिंदुओं और सनातन धर्म का अपमान करने तक सीमित हो चुकी है।” उन्होंने खड़गे के बयान को हिंदुओं की आस्था के विरुद्ध बताते हुए कहा कि गंगा नदी हिंदू धर्म का प्रतीक है और मां गंगा जीवनदायिनी हैं। उन्होंने सवाल किया कि कांग्रेस के कितने बड़े नेता गंगा में आस्था के रूप में डुबकी लगाते हैं।
कार्यकर्ताओं की मांग
परशुराम सेना ने खड़गे से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की और थाने में उनके खिलाफ शिकायत दर्ज कराने का ऐलान किया।
रीगल चौराहे पर हुए हवन में परशुराम सेना नगर अध्यक्ष प्रकाश शर्मा, विधि प्रकोष्ठ के अध्यक्ष एड. नमन दुबे, सत्येंद्र सिंह चौहान, अमित शुक्ला, कपिल पांडे, नितिन त्रिवेदी, सनी शुक्ला, योगेश महाराज सहित सेना के कार्यकर्ता और ब्राह्मण समाज के कई सदस्य शामिल हुए।
