
◆ कार्यशाला में दृश्य-श्रव्य माध्यम से साक्ष्य संकलन हेतु मानक संचालन प्रक्रिया एवं आधुनिक एप्स के जरिए ऑडियो विजुअल साक्ष्य संचलन का दिया प्रशिक्षण
◆ आईटी एक्ट एवं जप्ती, तलाशी से संबंधित भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता के प्रावधानों की दी जानकारी ।
दिनांक 1 जुलाई 2024 से लागू भारतीय न्यायिक सुरक्षा संहिता के नवीन प्रावधानों एवं साक्ष्य संकलन हेतु ऑडियो विजुअल माध्यम से साक्ष्य संकलन की अनिवार्यता होने से पुलिस मुख्यालय भोपाल द्वारा जारी निर्देशों के तारतम्य में पुलिस आयुक्त इंदौर श्री राकेश गुप्ता, अतिरिक्त पुलिस आयुक्त (अपराध / मुख्यालय) श्री मनोज श्रीवास्तव एवं अतिरिक्त पुलिस आयुक्त(कानून व्यवस्था) श्री अमित सिंह द्वारा जोन-01 पुलिस उपायुक्त श्री विनोद कुमार मीणा को BNSS के नवीन प्रावधानों के आलोक में ऑडियो विजुअल साक्ष्य संकलन हेतु जोन-1 के थानों को प्रशिक्षण देने हेतु निर्देशित किया गया था, जिसके पालन में पुलिस उपायुक्त जोन-01 द्वारा अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त श्री आलोक कुमार शर्मा को उक्त संबंध में प्रशिक्षण आयोजित कर जोन 01 के थाना प्रभारी एवं अधिनस्थ स्टाफ को ऑडियो विजुअल साक्ष्य संकलन के संबंध में प्रक्रिया एवं कानूनी ज्ञान उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए ।

प्रशिक्षण सत्र के प्रथम भाग में अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त श्री आलोक कुमार शर्मा द्वारा BNSS के नवीन प्रावधान धारा 105 BNSS एवं 185 BNSS के तहत तलाशी एवं जप्ती की वीडियो रिकॉर्डिंग की मानक संचालन प्रक्रिया तथा इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य संकलन के दौरान चेन आफ कस्टडी फॉर्म, धारा 63 (4) भारतीय साक्ष्य अधिनियम का प्रारूप के संबंध में जानकारी दी गई तथा अभिलिखित इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड की हैश वैल्यू का महत्व एवं निकालने की विधि तथा आईटी एक्ट की प्रासंगिक धाराओं की विस्तृत जानकारी दी गई ।
इस दौरान अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त जोन 01 द्वारा आईटी एक्ट के तहत मानक प्रक्रिया का पालन तथा संबंधित धाराओं के विषय में भी विस्तृत जानकारी दी गई ।
जोन-01 सायबर सेल द्वारा तलाशी जप्ती हेतु नवीन तकनीक जीरो टायर वन तथा सिंकिंग एप के माध्यम से लाइव रिकॉर्डिंग की तकनीक की जानकारी दी गई ।
इस दौरान E- साक्ष्य एप का प्रदर्शन एवं संबंधित प्रक्रिया की जानकारी सउनि (रेडियो) रुचि मेहतेले द्वारा दी गई ।
इस दौरान तलाशी वह जप्ती की विधिक प्रक्रिया तथा BNSS के संबंधित प्रावधानों के कानूनी पहलू के संबंध में उप जिला अभियोजन अधिकारी श्री शिवभानु सिंह द्वारा बताया गया तथा अनुसंधानकर्ता द्वारा आने वाली समस्याओं के संबंध में मौजूद अधिकारी / कर्मचारियों के प्रश्नों का भी निराकरण कराया गया ।
उपरोक्त प्रशिक्षण के माध्यम से जोन-01 के थानों में पदस्थ स्टाफ की कार्यक्षमता में वृद्धि होगी तथा नवीन तकनीकी का प्रयोग व्यवस्था के पारदर्शी व जवाबदेह बनाने में हो सकेगा । इस दौरान प्रशिक्षणार्थियों को आवश्यक विधिक जानकारी देने हेतु उप जिला अभियोजन अधिकारी श्री शिवभानु सिंह का पुष्पगुच्छ से अभिनंदन कर धन्यवाद प्रेषित किया गया ।

