
- इंदौर वनमंडल में 15 जगह कार्रवाई, रातभर वनकर्मी करते रहे गश्त। जंगल में जाने के लिए कई लोग नेताओं से भी दबाव बनवाते रहे।
- वन विभाग ने इंदौर, महू, मानपुर और चोरल की वन सीमा पर पहले ही स्टाफ को तैनात कर दिया था।
- महू और चोरल में कुछ लोग स्पीकर लगाकर नाचते मिले। पार्टी के लिए जंगल में खाना भी बना रहे थे।
- चोरल में 300 बाइक का एक समूह आफ रोडिंग राइड करने के लिए पहुंचा। स्टाफ ने इन्हें भी बाहर कर दिया।
इंदौर। नए साल का जश्न मानने के लिए जंगल का रुख करने वालों को उल्टे पैर लौटना पड़ा। रविवार को जंगल में आफ रोडिंग और पार्टी करने वालों पर सख्ती बरती गई। डीएफओ महेंद्रसिंह सोलंकी के निर्देश पर इंदौर, महू, मानपुर और चोरल के वनसीमा पर स्टाफ को तैनात कर दिया। दिनभर में कई लोगों को जंगल में जाने से रोका गया।
महू और चोरल में कुछ लोगों को जंगल में पार्टी करते पकड़ा। स्पीकर लगाकर युवक नाच रहे थे। पार्टी के लिए जंगल में खाना भी बना रहे थे। वनकर्मियों ने स्पीकर और वाहन जब्त किए। 20 से 25 लोग जंगल में जश्न मानने पहुंचे थे। बाद में लोगों ने माफी मांगी। फिर वनकर्मियों ने समझाइश देकर जाने दिया। महू रेंज में आने वाले कुशलगढ़ किले से लगे वनक्षेत्र में भी 100 लोग पहुंचे, जिसमें महिलाएं भी शामिल थे। ये सारे जंगल घूमने आए थे। चोरल में भी 300 बाइक का एक समूह आफ रोडिंग राइड करने पहुंचा। चोरल रेंज की तीन टीमों ने इन्हें जगह-जगह रोका और वनक्षेत्र से बाहर किया। इस बीच कई लोग नेताओं से भी दबाव बनाते दिखे।
चोरल रेंज की तीन टीमों ने लोगों को जंगल में जाने से जगह-जगह रोका और वनक्षेत्र से बाहर किया।
पहले से सजग रहा वन विभाग
सप्ताहभर पहले शिकायककर्ता अभिजित पांडे ने डीएफओ महेंद्रसिंह सोलंकी को आवेदन दिया और कहा कि नए साल में कई ग्रुप जंगल में पार्टी करने वाले हैं। इन गतिविधियों से वन्यप्राणी और पर्यावरण प्रभावित होता है, क्योंकि पार्टी करने के बाद लोग जंगल में कचरा फेंक देते हैं। इस पर गंभीरता दिखाते हुए डीएफओ ने आरक्षित वन में पर्यटकों के प्रवेश पर रोक लगाने के निर्देश दिए। डीएफओ सोलंकी ने कहा कि रविवार को 10 से 15 स्थानों पर कार्रवाई की गई। अधिकांश मामलों में युवक पार्टी करने जंगल पहुंचे थे। उन्हें समझाइश देकर छोड़ दिया है।
