
इंदौर । दीपावली की रोनक उन घरों में भी हो जिन घरों को सचमुच उजाले की आवश्यकता है इसी सोच और संकल्प के साथ विगत 8 वर्षों से गरीब बस्तियों के जरूरतमंद बच्चों को दीपावली के अवसर पर फटाके मिठाई नए कपड़े दिए बाती धानी तेल नमकीन पूजन सामग्री और अन्य जरूरत का सामान वितरित किया जाता है।
इसी के चलते शुक्रवार अहिरखेड़ी काकड़ बस्ती में बच्चों के बीच दीपावली की खुशियां बाटी गई। इस पुनीत कार्य का मुख्य उद्देश्य बच्चो को भिक्षावृत्ति अपराध और नशे से दूर कर शिक्षा की ओर अग्रसर करना है ताकि वह मेहनत कर अपना जीवनयापन करे। समय-समय पर इन बच्चों को शिक्षण सामग्री का भी वितरण किया जाता है। प्रतिवर्ष होने वाले इस सेवा प्रकल्प के माध्यम से हम समाज से अछूते उस वर्ग को भी वो खुशियां दे पाए, जो दीपावली पर हम अपने परिवार के साथ मनाते हैं। इससे उन सभी में त्योहार की रौनक के साथ समाज से जुड़े रहने का भाव पैदा होता है। बच्चों के बीच मने इस दीप पर्व के उल्लास की खुशियां उन बच्चों के चेहरों पर अलग ही नजर आ रही थी। इस दौरान सभी बच्चों को नशे अपराध से दूर रहकर पढ़ाई लिखाई एवं शिक्षा की ओर अग्रसर होने की शपथ भी दिलाई गई। वितरण समिति के कमल पसारी ने बताया समाजसेवी श्रीमती सावित्रीदेवी पसारी, संदीप जी गोयल, दिनेश जी डोशी, अनिल जी रावल, एडवोकेट सजल तिवारी जी, गौरव जी पटेल, कैलाश जी रामनानी, हरिशंकर भोले खलीफा, मिलिंद जी लौंढे, अशोक जी शर्मा, धनराज लालू जाट, जितेश जी बांगेजा, नरेन्द्र जी भागवत, विकास जी श्रीमाल, सुबोध जी दूबे, श्रीमती कामायनी त्रिवेदी, बुरहान भाई, भूपेश जी वारे, रवि जी भागवत, श्रीमती मोनिका पसारी, ने बच्चों के उज्जवल भविष्य की कामना के साथ सभी को दीपावली की शुभकामनाएं दी।
