इंदौर कलेक्टर मनीष सिंह ने बाणगंगा में चूड़ी विक्रेता के साथ हुई मारपीट के बाद थाने के घेराव की घटना को गंभीरता से लेते हुए वर्ग विशेष के संगठनों की गतिविधियों पर एजेंसियों के माध्यम से निगाह रखने के आदेश जारी किए हैं।
जिला कलेक्टर मनीष सिंह के मुताबिक पी एफ आई यानी पॉपुलर फ्रंट ऑफ़ इंडिया द्वारा जिस प्रकार की गतिविधियां इंदौर और आसपास के क्षेत्रों में की जा रही है उस पर जिला प्रशासन के साथ पुलिस विभाग के क्राइम ब्रांच और कई इंटेलिजेंस एजेंसी हां निगाह लगाए बैठी है इनके द्वारा किसी भी प्रकार की राष्ट्र विरोधी गतिविधि या उन्माद फैलाने का प्रयास किया जाता है तो जिला प्रशासन त्वरित कार्यवाही करेगा साथ ही इनके सभी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं पर जिला बदर की कार्रवाई भी की जाएगी
वहीं प्रदेश के मंत्री तुलसीराम सिलावट ने पूरी घटना को लेकर कहा कि मध्य प्रदेश की सरकार ऐसी घटनाओं को लेकर सतर्क है पिछले दिनों उज्जैन में हुई घटना को लेकर भी प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई की है इंदौर की घटना में भी पुलिस ने तुरंत एफ आई आर दर्ज की है और कुछ आरोपियों को हिरासत में भी लिया है सरकार उन्माद फैलाने वाले लोगों के खिलाफ खड़ी है किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति प्रदेश में पैदा नहीं होने दी जाएगी
गौतरलब है कि पॉपुलर फ्रंट ऑफ़ इंडिया (PFI) भारत में एक चरमपंथी और इस्लामी कट्टरपंथी संगठन है, जिसे 2006 में नेशनल डेवलपमेंट फ्रंट (NDF) के उत्तराधिकारी के रूप में गठित किया गया था। अब प्रदेश शासन इस संगठन की गतिविधियों पर निगाह बनाए हुए है कि आखिर यह संगठन किन किन गतिविधियों में शामिल है।

