जिला प्रशासन ने और पुलिस प्रशासन द्वारा शहर की बहुचर्चित दो कॉलोनी अयोध्यापुरी और पुष्प विहार कॉलोनी में हुए जमीन घोटाले का भंडाफोड़ किया इस मामले में भू माफिया सुरेंद्र संघवी, प्रतिक संघवी, दीपक मद्दा और धवन बंधु सहित कई भू माफियाओं पर धोखाधड़ी के तहत मामला दर्ज किया गया ।
कलेक्टर मनीष सिंह और डीआईजी मनीष कपूरिया ने आज प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिये पत्रकारों को दी जानकारी उन्होंने बताया कि कल रात प्रशासन और पुलिस के द्वारा की गई सिलसिलेवार कार्रवाई में देवी अहिल्या श्रमिक कामगार कर्मचारी संस्था के द्वारा छोटी खजरानी ग्राम के 16.60 एकड़ जमीन पर अयोध्या पुरी कॉलोनी का विकास किया गया इस कॉलोनी में 369 प्लॉट काटकर 2002 तक इसकी रजिस्ट्री करा दी गई थी बाद में इसमें अवैध कब्जे होने लगे और वर्ष 2007 में इस संस्था के अध्यक्ष विमल लुहाडिया ने सदस्यों को प्लॉट आवंटित किए गए थे,,, 96 प्लॉट इन्वेस्टमेंट मेगा फाइनेंस लिमिटेड कंपनी को बेच दिए गए थे इस कंपनी की ओर से मुकेश खत्री के द्वारा यह जमीन संस्था के अध्यक्ष रणवीर सुदन से खरीद ली गई थी इस संस्था की जमीन के घोटाले में पुलिस और प्रशासन के द्वारा की गई जांच के आधार पर रणवीर सुदन पुष्पेंद्र नीमा निवासी नरसिंह बाजार, दिलीप सिसोदिया निवासी गिरधरनगर, दिलीप जैन निवासी विश्वकर्मा नगर ,मुकेश खत्री निवासी विनय नगर, प्रतिक संघवी और सुरेंद्र सिंह निवासी प्रगति विहार कॉलोनी के विरुद्ध थाना एमआईजी में कई धाराओं के तहत प्रकरण दर्ज कर दिया गया।
कलेक्टर मनीष ने बताया कि इसी प्रकार मजदूर पंचायत गृह निर्माण सहकारीसंस्था के द्वारा रेडिसन होटल के सामने पुष्प विहार कॉलोनी का विकास किया गया है इस कॉलोनी में 1150 प्लॉट है जिसे 2005 तक इसमें से अधिकांश प्लॉट की रजिस्ट्री भी कर दी गई थी इसके बाद 89 प्लॉट की जमीन नसीम हैदर निवासी प्रिंस यशवंत रोड को भेज दी गई इसके अलावा बाद में यह जमीन ओमप्रकाश धनवानी को भी बेच दी गई थी,,,, इस पूरे मामले में दिलीप सिसोदिया और दिलीप जैन की भूमिका भी संदिग्ध पाई गई थी दिलीप सिसोदिया के द्वारा अपने रिश्तेदारों के साथ मिलकर इस धोखाधड़ी को अंजाम दिया गया इन सभी आरोपियों के खिलाफ थाना खजराना में प्रकरण दर्ज कर दिया गया है।
हिना पैलेस कॉलोनी की गड़बड़ी हुई उजागर,,,,, खजराना क्षेत्र में गणेश मंदिर के पीछे 15 वर्ष पूर्व कॉलोनी बसाई गई थी इस कॉलोनी में जमीन में भी धोखाधड़ी की गई इस मामले में रामचंद्र रामप्रसाद कैलाश हीरालाल पंकज मणि शंकर दिलीप धवन बानो दिलीप सिसोदिया दीपक जैन, राजीव धवन जो दोषी पाए गए हैं इन लोगों के द्वारा श्री राम गृह निर्माण सहकारी संस्था सारथी गृह निर्माण संस्था हरियाणा ग्रह निर्माण सहकारी संस्था और शताब्दी गृह निर्माण सहकारी संस्था की जमीन की धोखाधड़ी कर इन संस्थाओं की जमीनों को भी हिना पैलेस में जोड़ दिया गया इस मामले में आरोपी के खिलाफ थाना खजराना में विभिन्न धाराओं के तहत प्रकरण दर्ज किया गया
मनीष सिंह कलेक्टर इंदौर
मनीष कपूरिया डीआईजी इंदौर

