भोपाल के ऐशबाग इलाके में 11वीं कक्षा की 17 वर्षीय छात्रा ने गुरुवार रात घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। परिजनों का आरोप है कि दो युवक उसे लगातार प्रताड़ित कर रहे थे और एआई से तैयार किए गए कथित अश्लील फोटो वायरल करने की धमकी देकर ब्लैकमेल कर रहे थे। मामले में पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। वहीं, कार्रवाई की मांग को लेकर परिजनों ने शुक्रवार को ऐशबाग थाने का घेराव किया।
पुलिस के अनुसार, मौके से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है, इसलिए आत्महत्या के कारणों की जांच की जा रही है। ऐशबाग थाना टीआई संदीप पवार ने बताया कि परिजनों के विस्तृत बयान दर्ज किए जा रहे हैं, जिसके आधार पर आगे की कार्रवाई तय होगी।
मृतक छात्रा ऐशबाग इलाके में परिवार के साथ रहती थी। उसके पिता बिट्टन मार्केट में कपड़े की दुकान चलाते हैं। वह परिवार की बड़ी बेटी थी। परिजनों का आरोप है कि छोला क्षेत्र में रहने वाला एक युवक और उसका साथी छात्रा को लंबे समय से परेशान कर रहे थे।
चाचा के मुताबिक, आरोपियों ने सोशल मीडिया से छात्रा की तस्वीरें लेकर एआई की मदद से कथित अश्लील फोटो तैयार किए थे। इन्हें वायरल करने और बदनाम करने की धमकी देकर वे छात्रा पर दबाव बनाते थे। परिवार का दावा है कि आरोपियों ने छात्रा के पिता से भी बदसलूकी की थी, लेकिन बदनामी के डर से पहले पुलिस में शिकायत नहीं की गई।
स्कूल आते-जाते पीछा करने का आरोप
परिजनों का कहना है कि दोनों आरोपी छात्रा पर मिलने का दबाव बनाते थे और स्कूल आते-जाते उसका पीछा करते थे। परिवार का दावा है कि छात्रा की आरोपियों से कभी सीधी मुलाकात तक नहीं हुई थी और सोशल मीडिया से तस्वीरें लेकर उन्हें एडिट किया गया।
बहन को बाहर भेजकर कमरे में लगाई फांसी
परिजनों के मुताबिक, गुरुवार रात छात्रा सामान्य थी। उसने छोटी बहन को सामान लेने के बहाने बाहर भेजा। इसी दौरान उसने कमरे में दुपट्टे का फंदा बनाकर फांसी लगा ली। छोटी बहन लौटकर आई तो छात्रा को फंदे पर लटका देखा, जिसके बाद परिजनों को सूचना दी गई। परिवार ने उसे नीचे उतारा, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी।
थाने के बाहर शव रखकर प्रदर्शन
पोस्टमार्टम के बाद शुक्रवार दोपहर परिजन शव लेकर सीधे ऐशबाग थाने पहुंचे और कार्रवाई की मांग को लेकर घेराव कर दिया। परिजनों का आरोप है कि पुलिस को आरोपियों के नाम और ब्लैकमेलिंग की जानकारी देने के बावजूद तत्काल कार्रवाई नहीं की गई।
