किसी को शिक्षा तो किसी को मिली आर्थिक सहायता
जनसुनवाई बनी आत्मनिर्भरता का आधार, स्वरोजगार शुरू कर हितग्राही ने जताया आभार
इंदौर कलेक्टर कार्यालय में आयोजित साप्ताहिक जनसुनवाई आमजन की समस्याओं के त्वरित एवं संवेदनशील निराकरण का प्रभावी माध्यम बन रही है। जनसुनवाई में पहुंचे नागरिकों ने अपनी समस्याएं एवं आवश्यकताएं कलेक्टर श्री शिवम वर्मा के समक्ष रखीं। कलेक्टर श्री वर्मा ने प्रत्येक प्रकरण को गंभीरता और संवेदनशीलता के साथ सुनते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए तथा पात्र हितग्राहियों को तत्काल राहत एवं सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश जारी किए। जनसुनवाई के माध्यम से प्रशासन निरंतर आमजन की समस्याओं का समयबद्ध एवं प्रभावी निराकरण सुनिश्चित कर रहा है।
जनसुनवाई में श्री जीतेंद्र कुमार विश्वकर्मा ने पहुंचकर कलेक्टर श्री शिवम वर्मा का फल भेंट कर आभार व्यक्त किया। श्री विश्वकर्मा ने बताया कि उनकी दोनों किडनियां खराब हैं और वे पिछले चार वर्षों से डायलिसिस पर हैं। गत जनसुनवाई में वे रोजगार संबंधी समस्या लेकर पहुंचे थे। उनकी स्थिति को देखते हुए कलेक्टर श्री शिवम वर्मा ने उपचार के लिए सहायता उपलब्ध कराने के साथ ही उन्हें स्वरोजगार शुरू करने के लिए प्रोत्साहित किया। उन्हें स्वरोजगार के लिए 20 हजार रुपये की आर्थिक सहायता भी उपलब्ध कराई गई। इस सहायता से श्री विश्वकर्मा ने फलों का व्यवसाय शुरू किया है और अब वे स्वयं का रोजगार संचालित कर रहे हैं। श्री विश्वकर्मा ने कहा कि कठिन परिस्थितियों में जनसुनवाई और प्रशासन उनके लिए सहारा बनी है। उन्होंने कलेक्टर श्री शिवम वर्मा सहित जिला प्रशासन के प्रति हृदय से आभार व्यक्त किया।
इसी क्रम में श्रीमती रक्षिता परमार ने अपनी बेटी सुश्री प्रियंका परमार की उच्च शिक्षा के लिए सहायता की मांग लेकर जनसुनवाई में पहुंचीं। उन्होंने बताया कि उनकी बेटी प्रियंका ने कक्षा 12वीं में 72 प्रतिशत अंक प्राप्त किए हैं और उसका चयन बी.टेक. की उच्च शिक्षा के लिए प्रतिष्ठित महाविद्यालय में हुआ है। परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण महाविद्यालय की फीस एवं अन्य शैक्षणिक खर्चों का वहन करना उनके लिए कठिन है। कलेक्टर श्री शिवम वर्मा ने प्रकरण को गंभीरता से सुनते हुए तत्काल 40 हजार रुपये की आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। साथ ही प्रियंका की आगे की पढ़ाई निर्बाध रूप से जारी रहे, इसके लिए शिक्षा के लिए लोन की व्यवस्था कराने के भी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए।
एक अन्य प्रकरण में श्री राकेश रैकवार अपने पुत्र शुभम रैकवार के उपचार के लिए सहायता की मांग लेकर जनसुनवाई में पहुंचे। उन्होंने बताया कि सड़क दुर्घटना में घायल होने के कारण उनके पुत्र के पैर एवं कूल्हे की हड्डी में कई जगह फ्रैक्चर हुआ है। स्थानीय अस्पताल के चिकित्सकों ने उसकी स्थिति को गंभीर बताते हुए तत्काल ऑपरेशन की सलाह दी है। आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण परिवार के लिए उपचार का खर्च उठाना कठिन है। कलेक्टर श्री शिवम वर्मा ने मामले को संवेदनशीलता से सुनते हुए उपचार के लिए 30 हजार रुपये की आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने के त्वरित निर्देश दिए। प्रशासन की इस सहायता से परिवार को उपचार के लिए आर्थिक संबल मिला है।
कलेक्टर कार्यालय में आयोजित साप्ताहिक जनसुनवाई में अधिकारियों ने आमजन से प्रत्यक्ष संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं। जनसुनवाई में विभिन्न विभागों से संबंधित 300 से अधिक आवेदन प्राप्त हुए, जिन पर कलेक्टर श्री वर्मा के निर्देशन में संबंधित अधिकारियों को समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
जनसुनवाई में कई आवेदन प्राप्त हुए जिसमें मुख्य रूप में प्लॉट, संपत्ति, पारिवारिक विवाद, चिकित्सा सहायता और रोजगार से जुड़े प्रकरण रहे। जनसुनवाई में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री हिमांशु प्रजापति, अपर कलेक्टर श्री नवजीवन विजय पवार, श्री रोशन राय, श्री रिंकेश वैश्य सहित सभी विभागीय अधिकारियों ने जनसुनवाई में नागरिकों की समस्याओं को सहानुभूति के साथ सुना और उनका निराकरण किया।
