राजस्थान के चित्तोड़गढ़-उदयपुर नेशनल हाईवे पर गुरुवार देर रात एक भीषण सड़क हादसा हो गया। हाईवे पर अचानक एक काला बैल आ गया। जिससे टकराकर कार सामने से आ रही ट्रेलर से जा भिड़ी। इस एक्सीडेंट में इंदौर के रिटायर्ड टीटी समेत 4 लोगों की मौत हो गई।
राजस्थान के चितौड़गढ़ में हुआ सड़क हादसा
कार के परखच्चे उड़ गए, दरवाजे काटना पड़े
भीषण हादसे में 6 साल के बच्चे की जिंदगी बची
इंदौर: चित्तोड़गढ़-उदयपुर नेशनल हाईवे पर गुरुवार रात भीषण सड़क हादसा हुआ। हादसे में चित्तोड़गढ़ के व्यवसायी रिंकेश नानवानी सहित चार लोगों की मौत हो गई। मृतकों में स्कीम-114 (इंदौर) में रहने वाले रिटायर टीटी हीरानंद लालवानी भी शामिल है। उनका शव इंदौर लाया गया है। हादसा रात करीब डेढ़ बजे भादसोड़ा (चित्तोड़गढ़) थाना अंतर्गत नरबदिया गांव के समीप हुआ है। एसएचओ महेंद्रसिंह चौधरी के अनुसार मधुबन (चित्तोड़गढ़) निवासी 40 वर्षीय व्यवसायी रिंकेश नानवानी परिवार सहित कार(आरजे 09सीबी 7059) से शादी समारोह से लौट रहे थे। रिंकेश स्वयं कार चला रहे थे और पत्नी सुहानी आगे की सीट पर बैठी थी। उनकी चाची रजनी और फूफा हीरानंद पीछे बैठे थे।
एसएचओ के मुताबिक कार काफी तेज रफ्तार में थी। अचानक सड़क पर काला बैल आ गया और अनियंत्रित कार बैल से टकराकर दूसरी लेन में चली गई। तभी सामने से ट्रेलर आया और दोनों की आमने सामने से टक्कर हो गई। कार के परखच्चे उड़ गए और सभी कार में दबे रह गए।
सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों की मदद से शवों को बाहर निकाला। हादसे में रिंकेश का छह वर्षीय बेटा बचा है। सूचना मिलने पर नानवानी के रिश्तेदार भी पहुंच गए। शुक्रवार को शवों का पोस्टमॉर्टम करवाया गया। रिंकेश का शव चित्तोड़गढ़ भेजा और हीरानंद का शव इंदौर (स्कीम-114) लाया गया। रिश्तेदारों के अनुसार हीरानंद रेलवे विभाग से टीटी के पद से रिटायर हुए है।
