इंदौर के एरोड्रम क्षेत्र में रविवार की रात एक ऐसी दिल दहला देने वाली घटना हुई जिसने सभी को स्तब्ध कर दिया। नौवीं कक्षा में पढ़ने वाले 15 वर्षीय छात्र वेदांत त्रिवेदी ने अपने ही घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मौत से ठीक पहले उसने अपने पिता से बेलपत्र और केले मंगवाए थे-भगवान शिव के सावन सोमवार पूजन की तैयारी के लिए।
इंदौर। नाबालिग द्वारा आत्महत्या के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। सभी घटनाओं में मोबाइल का कनेक्शन सामने आ रहा है। ऐसा ही एक मामला शहर के एरोड्रम थाना क्षेत्र के अहिल्या नगर में हुआ। जहां पर 15 वर्षीय वेदांत त्रिवेदी ने पिता राजेश को पूजन सामग्री लेने भेजकर रविवार रात को घर के एक कमरे में फांसी लगा ली। पुलिस की जांच में सामने आया है कि वेदांत की एक दोस्त से इंस्टाग्राम पर चैट हुई थी। हालांकि वह चैट डिलीट पाई गई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
पिता को बेल पत्र लाने के लिए कहा
स्वजन ने बताया कि वेदांत रविवार दोपहर मौसी के घर नरीमन पॉइंट गया था। वहां से शाम को घर लौटा था। सोमवार को शिव पूजन के लिए उसने पिता से केले और बिल्व पत्र लाने को कहा था। पिता रात नौ बजे सामान लेकर लौटे तो वह फंदे पर लटका मिला।
इंस्टाग्राम पर डिलीट मिली दोस्त के साथ हुई चैट
एडीसीपी राजेश दंडोतिया के मुताबिक, वेदांत मां का मोबाइल चलाता था। इंस्टाग्राम पर दोस्तों से बात करता था। कुछ दोस्तों के साथ उसकी चैट डिलीट मिली है। मोबाइल जब्त कर फॉरेंसिक लैब में भेजा है। जांच के बाद आत्महत्या की वजह सामने आ सकती है। वेदांत के पिता राजेश नगर निगम में कर्मचारी हैं।
घटना के थोड़ी देर पहले मां को दी थी दवा
परिजनों के मुताबिक, घटना के समय मां कमरे में सो रही थी। थोड़ी देर पहले तबीयत खराब होने के कारण वेदांत उन्हें दवाई देकर आया था। वेदांत इकलौता बेटा था। पढ़ाई में भी होशियार था। उसके पास मोबाइल नहीं था। वह मां के मोबाइल में इंस्टाग्राम चलाता था। परिवार के सदस्यों को आशंका है कि इंस्टाग्राम पर एक युवक से हुई बातचीत के बाद उसने यह कदम उठाया होगा।
कुछ दिन पहले भी एक मासूम ने की थी आत्महत्या
बता दें कि चार दिन पहले 13 वर्षीय किशोर ने की थी आत्महत्या गुरुवार रात अनुराग नगर निवासी 13 वर्षीय अकलंक जैन ने फांसी लगा ली थी। वह ऑनलाइन फ्री फायर गेम में 2800 रुपये हार गया था। उसे डर था कि स्वजन को पता चलेगा तो वे नाराज होंगे। इससे वह तनाव में था।
