ई-रिक्शा की बैटरी फटने से झुलसी 60 वर्षीय रामकुंवर बाई पति नाथूसिंह की इलाज के दौरान बुधवार सुबह मौत हो गई। इसी हादसे में झुलसी उनकी बेटी पवित्रा की सोमवार को मौत हो गई थी। दोनों का एमवाय अस्पताल में इलाज चल रहा था। ई-रिक्शा चालक भी इस दुर्घटना में झुलसा है, जिसका इलाज चल रहा है। उसके खिलाफ पुलिस ने मामला भी दर्ज कर लिया है।
घटना विजयनगर थाना क्षेत्र की है। थाना पुलिस ने बताया कि आई सेंटर विजयनगर में शनिवार को ई-रिक्शा की बैटरी ब्लॉस्ट हुई थी। जिसमें मां-बेटी गंभीर रूप से घायल हुई थीं। इस घटना में बेटी के बाद मां की भी मौत हो गई है। परिवार ने बताया कि दोनों लसूड़िया के निरंजनपुर से मार्केट जाने के लिए निकली थीं। वे जिस ई-रिक्शा में बैठी थीं, उसकी बैटरी फट गई थी। जिसमें दोनों बुरी तरह से झुलस गई थीं।
लोगों ने की मदद, एम्बुलेंस से अस्पताल भेजा
घटना के बाद सुनील वर्मा जो पैरामेडिकल स्टाफ है वह और आसपास के लोग तुरंत इनकी मदद को पहुंचे। जैसे-तैसे आग पर काबू पाया और दोनों को मां-बेटी को एम्बुलेंस की मदद से एमवाय अस्पताल भेजा गया। दोनों को बर्न यूनिट में भर्ती कराया गया था।
ड्राइवर के खिलाफ FIR दर्ज
घटना के बाद पुलिस ने जांच की तो पता चला कि ई-रिक्शा के ड्राइवर ने अपने ई-रिक्शा में एक्स्ट्रा बैटरी लगा रखी। जिसके कारण ये हादसा हुआ है। इस मामले में पवित्रा के भाई ईश्वर पिता नाथु सिंह सोलंकी की शिकायत पर पुलिस ने शनिवार शाम को मामले में ई-रिक्शा के चालक अरुण गुप्ता के खिलाफ 125(बी) बीएनएस एवं 198 एमवी एक्ट की धाराओं में केस दर्ज कर लिया है।
डायल 112 से रस्सी से बांधकर ले गए ई-रिक्शा
घटना की जानकारी मिलने के बाद विजय नगर पुलिस और डायल 112 मौके पर पहुंची। जिसके बाद डायल 112 से ई-रिक्शा को रस्सी से बांधकर ले जाया गया। मामले में पुलिस और भी जांच कर रही है।
इंदौर में 9 हजार से ज्यादा ई-रिक्शा दौड़ रहे
इंदौर में 9 हजार से ज्यादा ई रिक्शा चल रहे हैं। आमतौर पर एक ही बैटरी काफी दूरी तक चलती है। एक्स्ट्रा बैटरी लगवाना खतरनाक हो सकता है। कोई सा भी इलेक्ट्रिक वाहन हो, उसमें सबसे अहम इक्युपमेंट ही बैटरी होता है। इसलिए उनमें अच्छी गुणवत्ता और मानक पैमानों की बैटरियां ही लगाना चाहिए।
