
इंदौर पुलिस ने सराफा बाजार की ज्वेलरी शॉप से 150 ग्राम सोने के जेवर चुराने वाली मालेगांव की गैंग को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने इसके लिए राजवाड़ा और आस-पास के इलाकों के 600 सीसीटीवी कैमरे खंगाले और इन तक पहुंच गई। महिलाएं पुणे, मुंबई, खंडवा सहित अन्य शहरों में भी इसी प्रकार से वारदातें कर चुकी हैं।
इंदौर। सराफा पुलिस ने ऐसी महिलाओं को पकड़ा है जो बड़े शहरों में ज्वेलरी शोरूम से पलक झपकते ही आभूषण गायब कर देती हैं। ये महिलाएं सराफा बाजार से भी डेढ़ सौ ग्राम सोना चुरा ले गई थीं। पुलिस ने 600 सीसीटीवी कैमरों के फुटेज निकाले व आरोपितों तक जा पहुंची। मालेगांव में इस गिरोह को बुर्का गैंग के नाम से जाना जाता है।
डीसीपी जोन-4 ऋषिकेश मीना के मुताबिक, छह जून को प्रदीप जैन निवासी मून पैलेस कालोनी की दुकान से डेढ़ सौ ग्राम सोना चोरी हुआ था। आरोपित आभूषण खरीदने के बहाने दुकान पर आईं व प्रदीप को बातों में उलझाकर आभूषण ले गईं।
पुलिस ने आरोपित सईदा अंसारी निवासी काकू बाई का बाग मगमेश्वर मालेगांव और शाहिदा अंसारी निवासी इकबाल डाबी मालेगांव को कार चालक राजेश जाधव निवासी मालेगांव के साथ गिरफ्तार कर लिया। डीसीपी के मुताबिक महिलाएं पुणे, मुंबई, खंडवा सहित अन्य शहरों में भी इसी प्रकार से वारदातें कर चुकी हैं। आरोपित बुर्का पहनकर शोरूम में जाती हैं।
पुलिस को चकमा देने के लिए बार-बार बदले आटो
पुलिस ने 600 से ज्यादा स्थानों से फुटेज निकाले। महिलाएं सराफा से निकली और आटो रिक्शा में बैठीं। राजवाड़ा पर इधर-उधर घूमीं और दूसरा आटो लिया। पुन: राजवाड़ा के चक्कर लगाए। फिर एक अन्य आटो से सुभाष चौक पार्किंग तक गईं। यहां से कार में बैठीं और मालेगांव जा पहुंचीं।
पुलिस ने टोल नाकों से जानकारी निकाली तो कार का टोल फास्टैग से कटा था। आइडीबीआइ बैंक से कार मालिक के नंबर निकाले और सबसे पहले उसे हिरासत में लिया। उससे पूछताछ की और उसी से काल लगाकर महिलाओं को बुलवाया।

