एडवोकेट प्रमोद कुमार द्विवेदी ने मंदिर की वेध अवेध जमीन को लेकर मचे घमासान को मीडिया के सामने रखा

By Abhishek Raghuvanshi
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इंदौर में बीते वर्ष राम नवमी के दिन एक बड़ा हादसा हुआ था जो की सिंधी कॉलोनी स्थित बालेश्वर महादेव मंदिर में हुआ था उसे हादसे को हुए पूरा 1 वर्ष 1 दिन हो चला है परंतु आज भी ना केवल इंदौर अपितु संपूर्ण मध्य प्रदेश उसे हादसे को याद करते ही रो देता है ऐसा भयानक हादसा था वह जिसमें क्या बच्चे क्या जवान क्या बूढ़े 36 लोगो की मौत का गवाह है वह हादसा एक ऐसा हादसा जो किसी भी कीमत पर भुलाया नही जा सकता

दरअसल एडवोकेट प्रमोद कुमार द्विवेदी ने मंदिर की वेद अवेद जमीन को लेकर मचे घमासान को मीडिया के सामने खोल कर रख दिया उन्होंने कई सवाल मंदिर को लेकर उठाने तथा उन्होंने प्रशासन से सीधे तौर पर सवाल किये अगर प्रशासन के हिसाब से मंदिर अवैध था तो फिर इतने बड़े हादसे का इंतजार क्यों किया किस अधिकारी के आदेश के बाद मंदिर को तोड़ दिया गया इंदौर में ऐसे न जाने कितने ही अवेध मंदिर है अगर प्रशासन ने वह मंदिर तोड़दिया तो अन्य मंदिर केसे बच गए क्या भारतीय जनता पार्टी सनातनी होने का सिर्फ ढोंग ही करती है या प्रशासन ने अधिकारियों को बचाने के लिए दिखावे मात्र की मंदिर तोड़कर कारवाही कर दी है
एडवोकेट प्रमोद कुमार द्विवेदी ने कांग्रेस से भाजपा में गए लोगों को भी नसीहत देते हुए कहा की कम से कम आप लोगों को यह मुद्दा उठाना चाहिए और दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलवानी ही चाहिए आपको बता दें एडवोकेट प्रमोद कुमार द्विवेदी ने इस प्रकरण में याचिका लगाई थी जिसके जवाब में कोर्ट ने आदेश दिया था कि दोषियों के विरुद्ध कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाए किंतु प्रशासन ने इस मामले में कहीं ना कहीं अधिकारियों को बचाया मीडिया के सामने प्रमोद द्विवेदी ने महापौर इंदौर की कार्यशैली पर ही सवाल उठाया इस पूरे वाक्ये को मीडिया के सामने बताने के दौरान प्रमोद कुमार द्विवेदी की आंखे भी नम हो गई आपको बता दे प्रमोद कुमार इस तरह के मुद्दों से समय-समय पर जनता को अवगत कराते रहते हैं तथा शहर हित में सदैव ही कार्य करते रहते हैं

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