बाहरी दिल्ली के पीतमपुरा स्थित वर्धमान मॉल के एक रेस्टोरेंट में बर्थडे के दिन एक युवक की बेरहमी से हत्या कर दी गई। मृतक की शिनाख्त जतिन शर्मा (23) के रूप में हुई है। हमले के दौरान जतिन के दो दोस्त प्रशांत (23) और वरद बाली (23) भी बुरी तरह जख्मी हो गए। जतिन अपने नौ दोस्तों के साथ रेस्टोरेंट में पार्टी करने आया था। हत्या का आरोप रेस्टोरेंट के कर्मचारियों व अन्यों पर लगा है।
रेस्टोरेंट में काम करने वाली एक युवती जतिन को पहले से जानती थी। वह उसके पास आकर बैठी तो जतिन के साथ मौजूद लड़कियों को गलत-फहमी हो गई। इसी बात पर हुए झगड़े में जतिन व उसके दोस्तों पर चाकू, लाठी, डंडे और रॉड से हमला कर दिया गया। वारदात के बाद आरोपी फरार हो गए। घायलों को भगवान महावीर अस्पताल ले जाया गया, जहां जतिन को मृत घोषित कर दिया गया। घायलों को दूसरे अस्पताल रेफर कर दिया गया। पुलिस ने हत्या, हत्या के प्रयास, सबूत मिटाने समेत अन्य धाराओं में मामला दर्ज कर रेस्टोरेंट मालिक किशोर समेत कुल छह आरोपियों को हिरासत में ले लिया।
बाकी की तलाश की जा रही है। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों से पड़ताल कर रही है। इधर देर रात तक रेस्टोरेंट खुलने और हत्या के मामले में लापरवाही बरतने के मामले में वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने मंगोलपुरी थाना प्रभारी मनोज कुमार वर्मा को लाइन हाजिर कर दिया है। उन पर पहले भी लापरवाही के आरोप लगे थे। पुलिस के मुताबिक, जतिन परिवार के साथ डी-ब्लॉक, बुध विहार, फेस-1 में रहता था। इसके परिवार में पिता किशान शर्मा के अलावा मां अनिता शर्मा हैं। जतिन परिवार में इकलौती संतान था। उसने पढ़ाई खत्म करने के बाद एक निजी बैंग में सेल्स डिपार्टमेंट में नौकरी शुरू कर थी। परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है।
‘यारों दा अड्डा रेस्टोरेंट एंड बार’ में हुई वारदात
जतिन शर्मा का मंगलवार 20 फरवरी को जन्मदिन था। उसने दोस्तों को पार्टी देने का प्लान बनाया। जतिन की यारों दा अड्डा नामक रेस्टोरेंट में पहचान थी। उसने अपने दोस्त प्रशांत, वरद बाली, चीनू, चिंटू, मितांशु तायल, सौरभ, शाहरुख और अंकिता त्रिपाठी व अंकिता यादव को पार्टी के लिए बुलाया। ‘यारों दा अड्डा’ पीतमपुरा स्थित वर्धमान मॉल में मौजूद है। रात 12.30 बजे सभी वहां जुट गए। केक कटा इसके बाद खाना-पीना हुआ। रात करीब 2.30 बजे सभी रेस्टोरेंट के बाहर आकर बैठ गए। रेस्टोरेंट में काम करने वाली जोया नाम की लड़की जतिन के पास आकर बैठ गई। वह पहले से जतिन को जानती थी।
हालांकि अंकिता यादव और अंकिता त्रिपाठी को इसका पता नहीं था। उनकी जोया से तू-तू-मैं-मैं होने लगी। आरोप है कि बात बढ़ी तो जोया ने आवाज देकर रेस्टोरेंट में काम करने वाले अपने बाकी साथियों को बुला लिया। इन लोगों ने जतिन, प्रशांत व वरद पर चाकू, लाठी, डंडों और रॉड से हमला कर दिया। हमले में जतिन, वरत व प्रशांत घायल हो गए।
मंगोलपुरी थाना प्रभारी को किया गया लाइन हाजिर
पुलिस सूत्रों का दावा है कि झगड़े के दौरान कॉल कर पुलिस को सूचना दी गई थी, लेकिन उस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। इस दौरान आरोपियों ने रेस्टोरेंट और उसके बाहर फैले खून को पानी डालकर धो दिया। पुलिस उपायुक्त जिम्मी चिरम ने बताया कि बुधवार सुबह करीब 6.30 बजे उनको भगवान महावीर अस्पताल से जतिन की मौत की सूचना मिली। टीम फौरन वहां पहुंची। बाद में जांच के लिए रेस्टोरेंट पहुंची।
पुलिस सूत्रों का कहना है कि देर रात तक रेस्टोरेंट के खुलने और हत्या के केस में लापरवाही बरतने के मामले में थाना प्रभारी को लाइन हाजिर किया गया है। जिस रेस्टोरेंट में वारदात हुई है, इस पर पहले भी कई गंभीर आरोप लगे थे। स्पेशल स्टाफ के साथ रेस्टोरेंट कर्मचारियों ने मारपीट की थी। इसके बाद भी थाना प्रभारी पर इस रेस्टोरेंट मालिक का पक्ष लेने का आरोप लगा था।
मामले की जांच में स्पेशल स्टाफ को किया गया शामिल
पुलिस सूत्रों की मानें तो लोकल पुलिस के रवैये को देखकर वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने मामले की जांच में जिले के स्पेशल स्टाफ को भी शामिल किया। क्राइम टीम के अलावा एफएसएल व अन्यों टीमों ने मौके से साक्ष्य जुटाए। जहां वारदात हुई उसे पानी डालकर धोा दिया गया था, लेकिन टीम को खून के छींटे मिल गए।
स्पेशल स्टाफ की टीम ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज को खंगाला है। उससे कई आरोपियों की पहचान हुई है। फिलहाल पुलिस ने रेस्टोरेंट मालिक समेत कुल छह आरोपियों को हिरासत में ले लिया है। बाकी आरोपियों की भी पहचान कर ली गई है। उनकी तलाश में छापेमारी की जा रही है।
