साल का पहला सूर्य ग्रहण जारी है, लेकिन इसे भारत से नहीं देखा जा सकता है। इसकी शुरूआत सुबह 7 बजकर 4 मिनट पर हुई थी, जो 12 बजकर 29 मिनट तक जारी रहेगा। इसका ज्यादातर असर ऑस्ट्रेलिया में दिख रहा है। जहां 9 बजकर 4 मिनट पर पूरी तरह से अंधेरा छा गया था। इस सूर्य ग्रहण को काफी रेयर और हाइब्रिड बताया जा रहा है।
हाइब्रिड में दो तरह से ग्रहण दिखता है, पहला जिसमें चंद्रमा पूरी तरह से सूरज को ढक लेता है और अंधेरा छा जाता है, दूसरे में चांद के सामने आने से सूरज की सिर्फ आउट लाइन दिखाई देती है, जिसे सोलर रिंग कहा जाता है। हाइब्रिड ग्रहण में ऐसा एक साथ होता है, जो सदी में कभी-कभार ही दिखाई देता है। हाइब्रिड सूर्य ग्रहण अगली बार 2031 में दिखाई देगा।
सूर्य ग्रहण देखने लोगों की भीड़ जुटी
ऑस्ट्रेलिया के एक्समाउथ में पूर्ण सूर्यग्रहण को देखने के लिए लोगों की भारी भीड़ जुटी। लोगों ने अपने बाइनोकुलर्स और टेलीस्कोप से ग्रहण को देखा। यूनिवर्सिटी ऑफ वेस्टर्न ऑस्ट्रेलिया के प्रोफेसर सेबाइन बेलस्टेड ने बताया कि पूर्ण ग्रहण से पहले धीरे-धीरे अंधेरा छाने लगा था। इस दौरान ग्रहण देखने आए लोग बिल्कुल शांत हो गए। तापमान भी कम होने लगा और हवा का बहाव रुक गया।
