- भाजपा छोड़कर निर्दलीय चुनाव लड़े राजेंद्र चौधरी, फिर भी जीत गए मनोज पटेल।
इंदौर। विधानसभा चुनाव में मैदान के साथ ही मतगणना में भी देपालपुर और महू के निर्दलीय उम्मीदवारों ने शुरुआत से ही कांग्रेस और भाजपा दोनों ही प्रत्याशियों को खासी टक्कर दी। इन्होंने जीत का समीकरण ही बदलकर रख दिया। दोनों ही विधानसभा में निर्दलीय प्रत्याशियों ने कांग्रेस के लिए मुसीबत खड़ी की।
महू विधानसभा में कांग्रेस छोड़कर निर्दलीय चुनाव लड़े अंतरसिंह दरबार कांग्रेस प्रत्याशी रामकिशोर शुक्ला से अधिक मत लेकर आए। यहां कांग्रेस प्रत्याशी को 29,144 मत मिले हैं तो निर्दलीय दरबार को 68,597 मत मिले। इसके अलावा निर्दलीय प्रदीप मावी को भी 11,394 मत प्राप्त हुए हैं।
शुरू से दूसरे नंबर पर रहे दरबार
इस विधानसभा में शुरुआत से ही भाजपा प्रत्याशी उषा ठाकुर आगे रहीं, लेकिन उनके बाद दूसरे नंबर पर निर्दलीय प्रत्याशी दरबार ही रहे। कांग्रेस प्रत्याशी शुक्ला शुरू से ही तीसरे नंबर पर रहे। यदि निर्दलीय प्रत्याशी दरबार चुनाव नहीं लड़ते तो कांग्रेस यह चुनाव जीत भी सकती थी।
निर्दलीय से कांग्रेस को हुआ नुकसान
वहीं देपालपुर में उलटफेर देखने को मिला। यहां से भाजपा से बगावत कर निर्दलीय चुनाव लड़े राजेंद्र चौधरी से भाजपा को नहीं, कांग्रेस को ही नुकसान झेलना पड़ा। यहां चौधरी तीसरे नंबर पर आए, लेकिन उन्होंने विधानसभा जीत का समीकरण बिगाड़ दिया। यहां भाजपा प्रत्याशी को 95,577 मत, कांग्रेस प्रत्याशी को 81,879 मत और निर्दलीय को 37,920 मत मिले हैं। इनके अलावा भी निर्दलीयों ने कई विधानसभा में एक हजार से अधिक मत प्राप्त किए।
