इंदौर क्राइम ब्रांच ने कार्यवाही करते हुए एक ऐसे फर्जी फर्जी एसडीएम को गिरफ्तार किया है जो कि सस्पेंड एसडीएम बतलाकर लोगो को नौकरी दिलवाने के नाम पर लाखो रुपय ऐंठ लिया करता था
दरसअल इन्दोर के बंगाली चौराहे पर स्टूडियो संचालित करने वाले हिमांशु जैन ने क्राइम ब्रांच को शिकायत की थी वर्ष 2020 जुलाई में फरयादी हिमांशू के पास आरोपी मुकेश सिंह राजपूत बंगाली चौराहा स्थित स्टूडियो पर पंहुचा था और फरयादी को बताया कि में एसडीएम हु झापड़ मारने के कारण सस्पेंड चल रहा हु और अभी मानव अधिकार में पदस्थ हु अगर किसी को भी नौकरी की जरूरत हो तो बताना वही फरयादी फर्जी एसडीएम के झांसे में आ गए और नौकरी लगाने के नाम पर पहले तो फरयादी ने फर्जी एसडीएम को 2 लाख 50 हजार रुपये दे दिए इसी के साथ फर्जी एसडीएम ने जमीन के मामले में भी फरयादी से लाखों रुपये ठग लिए थे वही फरयादी हिमांशु को कुछ समय बाद शंका हुई कि लंबा समय बीत गया है ना तो कोई नौकरी मिली और नाही जमीन मिली है फिर फरयादी ने पूरे मामले की शिकायत इन्दोर क्राइम से करने के बाद क्राइम ब्रांच ने आरोपी फर्जी एसडीएम को गिरफ्तार कर पूछताछ की तो पता चला कुछ समय पहले भी सीहोर में फर्जी एसडीएम बनकर लोगो के साथ ठगी की थी और सीहोर पुलिस ने कार्यवाही की थी वही पुलिस आरोपी मुकेश को कोर्ट में पेश कर रिमांड पर लेकर पूछताछ करेगी जिसमे और भी ठगी का शिकार हुए लोग पुलिस में शिकायत करने आ सकते है
