मध्य प्रदेश सरकार की नई आबकारी नीति के तहत 1 अप्रैल से शराब दुकानों के पास लगने वाले अहाते बंद करने का निर्णय लिया गया सरकार चाहती कि शराब पीने वालों को हतोत्साहित किया जाए इसलिए आहतें बंद करने का निर्णय लिया गया है अहाते के बंद हो जाने से शराब की बिक्री 50% कम होने की संभावना है
मध्य प्रदेश सरकार की नई आबकारी नीति के तहत जो मयखाने जहां ताहा सराबोर थे अब वह बीते दिनों का इतिहास हो जाएंगे आबकारी विभाग के उपायुक्त मनीष खरे ने जानकारी देते हुए बताया कि शराब दुकान के पास लगने वाले आहतें को बंद करने का नोटिफिकेशन सरकार के द्वारा जारी किया गया है सरकार के आदेश के बाद भी जो दुकानदार ग्राहकों को बैठकर शराब पिलाएंगे उनके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी
वही इस मसले पर ठेकेदार मनोहर चौधरी से जब चर्चा हुई तो उनका कहना था कि शराब दुकान में बिकने वाली कुल शराब का आधे से अधिक शराब की बिक्री आहतें के माध्यम से होती थी सरकार के इस निर्णय से ठेकेदारों को बहुत नुकसान होगा साथ ही आम जनता को भी कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ेगा इसलिए आम जनता के हितों को ध्यान में रखते हुए सरकार को अहाते को बंद नहीं करना चाहिए
