वल्लभ भवन वन मंत्रालय द्वारा कथित रूप से साल 2015 में जारी आदेश के बाद उपयोगी और पूज्य वृक्षों की बलि बदस्तुर जारी है,, वरिष्ठ अधिवक्ता प्रमोद कुमार द्विवेदी ने सोमवार को वन मंत्रालय से जारी एक पत्र दिखाते हुए पेड़ों की कटाई पर सवाल उठाए हैं
, द्विवेदी ने बताया कि साल 2015 में वन सचिव को जारी इस पत्र में आम, नीम, पीपल और बरगद सहित 52 प्रजातियों का उल्लेख कर इनकी कटाई और परिवहन का आदेश था जो फर्जी था,, सरकार, मंत्रालय और विभाग बगैर जांच के सालों से कटाई कर रहा है जबकि इससे जुडे व्यापारी भी इस प्रकार की वनोपज के प्रयोग से गुरेज करते हैं,, द्विवेदी ने शिवराज सरकार पर सवाल उठाते हुए कटाक्ष किया है कि क्या सरकार अब खुद के मंत्रालय पर प्रकरण दर्ज करवाएगी?
