कैलाश विजयवर्गीय का बड़ा बयान : कहा- ‘कांग्रेस को वोट देना मतलब पाकिस्तान का समर्थन करना, वोट के लिए कांग्रेस करती है वर्ग विशेष का समर्थन’

By Abhishek Raghuvanshi
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इंदौर: भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव और इंदौर की विधानसभा एक से प्रत्याशी कैलाश विजयवर्गीय ने एक बार फिर कांग्रेस को आड़े हाथों लिया है. उन्होंने यह तक कह दिया कि ‘कांग्रेस को वोट देना यानी पाकिस्तान का समर्थन करना होगा’. दरअसल, कैलाश विजयवर्गीय इंदौर में ही एक सभा को संबोधित कर रहे थे. यहां उन्होंने कांग्रेस पर जमकर निशाना साधा.

कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि ‘सोनिया जी ने तो कोर्ट में एफिडेविट दिया था कि राम नाम का तो कोई व्यक्ति नहीं था, यह तो काल्पनिक है, रामचरितमानस एक उपन्यास है. अभी घमंडियों का एक गठबंधन बना है. उनके ही एक पार्टनर तमिलनाडु के मुख्यमंत्री के बेटे स्टालिन ने कहा था कि सनातन धर्म को समाप्त कर देना चाहिए. हमने सोचा था कि कांग्रेस इसका विरोध करेगी. लेकिन कांग्रेस के अध्यक्ष खड़गे जी के बेटे ने ही उनका समर्थन कर दिया. बिहार के शिक्षा मंत्री ने उनका समर्थन कर दिया. इस प्रकार रामचरितमानस का कांग्रेस ने हमेशा अपमान किया है

उन्होंने आगे कहा कि हमें सोचना है कि कांग्रेस क्या कर रही है. कांग्रेस सनातन को समाप्त करने की बात करती है और उन्हें मालूम है कि यहां के कांग्रेस के उम्मीदवार है वे सनातन को लेकर सिर्फ नाटक करते हैं. साड़ी बांटते हैं, कथा करवाते हैं, लेकिन नाटक सिर्फ नाटक होता है.

‘कांग्रेस को वोट देना यानी पाकिस्तान का समर्थन करना’

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कैलाश विजयवर्गीय सिर्फ यहां नहीं रुके. इसके बाद उन्होंने कांग्रेस की तुलना पाकिस्तान से कर दी. उन्होंने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि ‘आज का समय तो बहुत अच्छा है. हमारे से पहले की पीढ़ियों ने तो बहुत खराब समय देखा है. सोमनाथ का मंदिर टूट गया, राम मंदिर टूट गया, कृष्ण मंदिर टूट गया, मुगलों का शासन हो गया. हम भाग्यशाली है कि मोदीजी के शासन में मंदिर बनते हुए देख रहे हैं. भारत की अस्मिता को आगे बढ़ाने का काम मोदी जी के नेतृत्व में हो रहा है. इसलिए हम सभी कार्यकर्तातों को घर-घर जाकर बताना है कि कांग्रेस को वोट देना मतलब पाकिस्तान का समर्थन करना है. क्योंकि ये लोग सिर्फ वोट की राजनीति करते हैं. तुष्टीकरण के लिए विशेष वर्ग के लोगों का समर्थन करते हैं. हमारे साथ खड़े होकर राम का नाम लेने का नाटक करते हैं’.

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