इंदौर में प्राचीन मंदिर की मूर्तियां खंडित, संत और रहवासियों ने किया चक्काजाम

By Abhishek Raghuvanshi
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छोटा बांगड़दा चौराहे पर मंदिर की मूर्तियां खंडित होने पर बवाल मच गया। नाराज संत और रहवासी सड़क पर आ गए। सुपर कारिडोर (super corrider) पर जाम लगा दिया। मौके पर अपर कलेक्टर और एडीसीपी को आना पड़ा। अज्ञात आरोपितों के खिलाफ केस भी दर्ज करवाया।

एरोड्रम थाना पुलिस के मुताबिक, श्रीराम टेकरी छोटा बांगड़दा चौराहे पर श्री पंचमुखी हनुमान मंदिर है। संत रघुनाथ दास मंदिर में सेवा करते हैं। उनका आरोप है कि शुक्रवार को संत रामकिशोर दास पूजा पाठ के लिए उठे तो देखा शनि भगवान की मूर्ति खंडित है। मूर्ति के हाथ-पैर क्षतिग्रस्त हैं। संत शिरोमणि सेन महाराज की प्रतिमा और बगलामुखी माता (Baglamukhi Mata) की मूर्ति भी खंडित हुई है।

दो थानों का बल पहुंचा मौके पर
रामकिशोर दास और रघुनाथ दास ने इंदौर समस्त विरक्त साधु मंडल को घटना बताई और मौके पर बुलाया। नाराज संतों ने गांधीनगर सोसायटी पर मूर्तियां तोड़ने का आरोप लगाया और चक्काजाम (Traffic Jam) कर दिया। गांधीनगर, एरोड्रम थाने से बल पहुंचा। एडीसीपी जोन-1 जयवीरसिंह भदौरिया और अपर कलेक्टर अभय बेड़ेकर मौके पर पहुंचे। बेड़ेकर के आश्वासन के बाद संतों ने जाम हटाया। पुलिस ने भी रघुनाथ दास की रिपोर्ट पर केस दर्ज किया।

सोसायटी पदाधिकारियों पर तोड़फोड़ करने का आरोप
संतों ने कहा कि आश्रम व मंदिर 40 साल पुराना है। गांधीनगर सोसायटी कब्जा करने के प्रयास में है। 12 मई को भी दीपक पांडे, सचिन सोनकर ने गोशाला का शेड़ तोड़ दिया था। करीब 35 गायों को बाहर निकाल दिया। कुछ गाय गायब हो गई और कुछ घायल हुई। उनके साथ तहसीलदार भी थे। कार्रवाई के पूर्व न नोटिस भेजा न सूचना दी गई। गुरु रामगोपाल दास के हस्तक्षेप के बाद कार्रवाई रुकी। संतों के मुताबिक, मूर्तियां किसने तोड़ी, अभी स्पष्ट नहीं है, लेकिन उन्होंने गोशाला तोड़ने के विरोध में शुक्रवार को विरोध प्रदर्शन की चेतावनी दी थी। इसके पूर्व ही मूर्तियां खंडित हो गई।

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