किसानों को जमीनी उपयोगिता बताने और जमीन की गुणवत्ता के हिसाब से फसल लगाने के लिए प्रेरित करने के लिए इंदौर के कृषि महाविद्यालय में कृषक,वैज्ञानिक संवाद,सम्मेलन और प्रदर्शनी का आयोजन किया गया,
इस कार्यक्रम में केंद्रीय बारानी कृषि अनुसंधान संस्थान के निदेशक डॉ विनोद कुमार सिंह मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए,उन्होंने प्रदर्शनी का दौरा करने के साथ ही किसानों से भी चर्चा की,साथ ही किसानों को खेती में आने वाली समस्या को जाना और उसके निराकरण के लिए भी उपाय बताए,वैज्ञानिकों ने किसानों को जमीन की गुणवत्ता और जलवायु के हिसाब से खेती करने की सलाह दी,उन्होंने बताया की कि किस तरह से जिले या संभाग के मौसम के हिसाब से खेती की जा सकती है .और ज्यादा से ज्यादा लाभ कमाया जा सकता है केंद्रीय बारानी कृषि अनुसंधान संस्थान के निदेशक डॉ विनोद कुमार सिंह ने बताया की आज भी देश के 50 प्रतिशत इलाके में बारानी खेती की जा रही है क्षेत्र के मौसम के हिसाब से खेती के लिए लगातार वैज्ञानिक शोध कर रहे है
-इस सम्मेलन और प्रदर्शनी का लाभ किसानों को भी मिला है,किसानों ने इस सम्मेलन के जरिये काफी अहम जानकारियाँ भी हासिल की है जो उन्हें भविष्य में खेती को और भी बेहतर तरीके से करने में मददगार साबित होगी .
इस सम्मेलन और प्रदर्शनी में में इंदौर संभाग के सैकड़ों किसानों ने भाग लिया
