मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि 5 मार्च से लाड़ली बहना योजना के फॉर्म भरना प्रारंभ इस तारीख से खाते में डाले जाएंगे 1000 रुपये

By Abhishek Raghuvanshi
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मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (Shivraj Singh Chouhan) ने चुनावी लिहाज से अपनी बेहद महत्वाकांक्षी ‘लाडली बहना योजना’ का खाका शुक्रवार को खुद पेश किया. इसी के साथ उन्होंने एलान किया कि हर माह की 10 तारीख को एक हजार रुपये पात्र बहनों के खाते में योजना की रकम क्रेडिट की जाएगी. उन्होंने कहा कि योजना के तहत बहनों के बैंक खाते में पहली घंटी 10 जून को बजेगी. 

सीएम ने योजना को बताया क्रांतिकारी
सीधी जिले में आयोजित एक कार्यक्रम में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि मुख्यमंत्री लाडली बहना योजना सामाजिक क्रांति का शंखनाद है. यह बहनों की जिंदगी बदलने की क्रांतिकारी योजना है. इस दौरान उन्होंने मुख्यमंत्री आवासीय भू-अधिकार पत्र एवं हितलाभ वितरण कार्यक्रम में 385.29 करोड़ के विकास कार्यों का लोकार्पण तथा शिलान्यास भी किया.

5 मार्च से योजना के भरे जाएंगे फॉर्म 
इस मौके पर मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि 5 मार्च से लाड़ली बहना योजना के फॉर्म भरना प्रारंभ हो जाएंगे. इसके लिए गांव-गांव में शिविर लगाकर फॉर्म भरे जाएंगे. इसके बाद जून महीने से गरीब और निम्न मध्यवर्गीय परिवार की बहनों के खाते में पैसे आना शुरू हो जाएंगे. प्रत्येक महीने की 10 तारीख को पैसे खाते में पहुंच जाएंगे.

इन्हें मिलेगा योजना का लाभ
सीएम शिवराज सिंह चौहान ने इस योजना के लिए पात्रता की शर्तें भी गिनाई. उन्होंने कहा कि इसके लिए तीन कैटेगरी तय की गई है. पहली कैटेगरी में प्रदेश की सभी गरीब बहनों को योजना का लाभ मिलेगा. दूसरी कैटेगरी में उन बहनों को योजना में पात्र माना जाएगा, जिनके पास पांच एकड़ या उससे कम जमीन होगी. तीसरी कैटेगरी उन बहनों की होगी, जिनकी सालाना आमदनी ढाई लाख या उससे कम है. उन्हें इसके लिए सिर्फ स्वघोषित फार्म भरना होगा.

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चुनावी मास्टर स्ट्रोक 
राजनीतिक जानकर मान रहे हैं कि मध्यप्रदेश में नवम्बर 2023 में होने वाले विधानसभा चुनाव को देखते हुए मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बड़ा दांव चल दिया है. सीएम चौहान ने ‘लाडली लक्ष्मी योजना’ की तरह ही ‘लाडली बहना योजना’ लांच की है. इसे शिवराज का मास्टर स्ट्रोक भी कहा जा रहा है. माना जा रहा है कि यह योजना प्रदेश की आधी आबादी या यूं कहें कि आधे वोटरों को लुभाने का काम करेगी.

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