नोटबंदी पर केंद्र सरकार का फैसला सही, सुप्रीम कोर्ट ने लगाई मुहर

By Abhishek Raghuvanshi
2 Min Read

New Delhi : 2016 में हुई नोटबंदी से फायदे या नुकसान पर सुप्रीम कोर्ट ने अपना फैसला सुना दिया। नोटबंदी के खिलाफ दायर 58 याचिकाओं को सुप्रीम कोर्ट ने खारिज कर दिया। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि इस आर्थिक फैसले को बदला नहीं जा सकता। SC ने कहा है कि नोटबंदी पर सरकार का फैसला सही था। सुप्रीम कोर्ट की संवैधानिक पीठ ने बहुमत से फैसला सुनाते हुए सभी याचिकाओं को खारिज कर दिया। फैसले में कहा गया कि नोटबंदी पर केंद्र सरकार का फैसला सही है। 8 नवंबर 2016 को सरकार ने 500 और 1000 रुपए के नोटों को सरकार ने चलन से बाहर करने का फैसला किया था। कोर्ट ने इसी के साथ नोटबंदी के खिलाफ दायर 58 याचिकाओं को खारिज कर दिया।

पांच जजों की पीठ ने दिया फैसला न्यायमूर्ति एस ए नजीर की अध्यक्षता वाली पांच जजों की संविधान पीठ ने इस मामले पर अपना फैसला सुनाया। सुप्रीम कोर्ट का यह फैसला न्यायमूर्ति बीआर गवई और न्यायमूर्ति बीवी नागरत्ना ने सुनाया। फैसला सर्वसम्मति से हुआ है। पीठ में जस्टिस गवई और नागरत्न के अलावा जस्टिस नजीर, एएस बोपन्ना और वी रामासुब्रमण्यन थे।

RBI से सहमति के बाद ही यह फैसला किया नोटबंदी के खिलाफ दायर याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने कहा कि इसकी प्रक्रिया में कुछ भी गलत नहीं पाया गया। रिजर्व बैंक ऑफ़ इंडिया (RBI) के पास विमुद्रीकरण लाने की कोई स्वतंत्र शक्ति नहीं है। केंद्र और RBI के विचार विमर्श के बाद ही यह निर्णय लिया गया था।

Exit mobile version