बीजेपी ने गुजरात विधानसभा चुनाव में ऐतिहासिक जीत हासिल की है. पार्टी ने इस बार राज्य में पिछले 62 सालों के इतिहास को बदलकर रख दिया. कांग्रेस को राज्य में अब तक का सबसे बड़ा झटका लगा है. वहीं, आम आदमी पार्टी के सभी दावे हवा हो गए हैं. बीजेपी की करिश्माई जीत के बीच आइए उन बागी नेताओं की हार-जीत के बारे में जानते हैं. जिन्होंने कांग्रेस से आकर बीजेपी का दामन थामा और पार्टी ने उन्हें चुनावी मैदान में उतारा.
1- हार्दिक पटेल
कांग्रेस छोड़ बीजेपी में आए पाटीदार आंदोलन का प्रमुख चेहरा रहे हार्दिक पटेल ने विरमगाम विधानसभा सीट से बंपर जीत दर्ज की है. उन्हें 99155 वोट मिले हैं. जबकि इस सीट से 2017 का चुनाव जीते कांग्रेस के उम्मीदवार लाखाभाई भरवाड़ को 42724 वोट मिले. हार्दिक पटेल ने 51 हजार से ज्यादा वोटों के मार्जिन से जीत दर्ज की.
2- प्रद्युमनसिंह जडेजा
कच्छ जिले की अबडासा सीट से बीजेपी उम्मीदार प्रद्युमन सिंह जडेजा ने 2017 का चुनाव कांग्रेस के टिकट पर लड़ा था. इसके बाद उन्होंने कांग्रेस का हाथ छोड़कर बीजेपी का दामन थामा और उपचुनाव में बीजेपी के टिकट पर जीत हासिल की. बीजेपी में फिर उन्हें इसी सीट से चुनावी मैदान में उतारा और उन्होंने कांग्रेस के मामदभाई जंग को 9431 वोटों से मात दी. प्रद्युमन सिंह जडेजा को 80195 और कांग्रेस के मामदभाई जंग को 70764 वोट मिले.
3- हर्षद रिबदिया
गुजरात चुनाव से ठीक पहले कांग्रेस का दामन छोड़कर बीजेपी में आए हर्षद रिबदिया को भाजपा ने जूनागढ़ की विसावदर सीट से चुनावी मैदान में उतारा. पाटीदार समुदाय के बड़े नेता हर्षद इस सीट से सिटिंग विधायक हैं. इस सीट पर कांग्रेस ने करसन भाई और आम आदमी पार्टी ने भूपत भयाणी को उतारा. यहां अभी आप और बीजेपी उम्मीदवार के बीच कांटे की टक्कर जारी है. आप उम्मीदवर आगे चल रहे हैं.
4- भगवान बराड़
अहीर समुदाय के बड़े नेता भगवान बराड़ ने चुनाव से कुछ महीने पहले कांग्रेस को अलविदा कहकर बीजेपी का दामन थामा था. वह सोमनाथ जिले की तलाला विधानसभा सीट से ही विधायक हैं और दल बदलने के बाद बीजेपी ने उन्हें यही से उतारा. भगवान बराड़ ने यहां से फिर जीत दर्ज की है. इस बार उनके सामने कांग्रेस के मनीष सिंह डोडिया और आम आदमी पार्टी के देवेंदर सोलंकी की चुनौती थी.
5- अश्विन कोटवाल
कांग्रेस के दिग्गज नेता रहे अश्विन कोटवाल को बीजेपी ने खेड़ब्रह्मा सीट से उतारा था. हार्दिक की तरह ही वह इसी साल मई महीने में कांग्रेस छोड़कर बीजेपी में शामिल हुए थे. इस सीट पर त्रिकोणीय मुकाबला देखने को मिला. बीजेपी के अश्विन कोटवाल, कांग्रेस के तुषार चौधरी और आप के बिपिन गमोती के बीच अभी भी कड़ा मुकाबला चल रहा है.
