
फर्जी रिश्तेदार बन बीए की छात्रा का सौदा करने वाले चार आरोपितों को पुलिस ने गिरफ्तार किया। डीसीपी जोन-4 राजेश कुमारसिंह के मुताबिक गांधी पैलेस सिरपुर निवासी मजदूर की शिकायत पर रविवार को आरोपित अंकित, अभिषेक, समरथ और सरोज के खिलाफ युवती की खरीद-फरोख्त का केस दर्ज हुआ था। सोमवार को पुलिस ने आरोपित अंकित निवासी बोरिया को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ की तो बताया शादी में अक्षिता और ईशु उर्फ सरोज, सुनील और समरथ भी शामिल हुए थे।
आरोपित अंकित ने बताया कि छात्रा को कैटरिंग के बहाने उज्जैन ले गए और असोड़ा बांसवाड़ा निवासी अभिषेक पाटीदार से शादी करवा दी। बदले में अभिषेक ने समरथ को ढाई लाख रुपये दिए। अंकित को 30, सुनील को 10 और ईशु को 40 हजार रुपये मिले। अक्षिता ने दुल्हन को मेहंदी लगाई थी। फेरे के दौरान मंदिर में अभिषेक के जूते चुराने की रस्म अक्षिता ने पूरी की थी। अभिषेक ने उसे 500 रुपये नेग में दिए और दो हजार बहन बनने की एवज में मिले। पुलिस ने ईशु से नेग के रुपये जब्त कर लिए हैं। टीआइ दिलीप पुरी के मुताबिक आरोपित समरथ और अभिषेक की तलाश है।
स्वजन ने गुमशुदगी दर्ज करवाई थी – टीआइ दिलीप पुरी के मुताबिक, छात्रा (दुल्हन) की उसके पिता ने चंदन नगर थाने में गुमशुदगी दर्ज करवाई थी। पुलिस ने उसे बांसवाड़ा से बरामद किया तो कहा वह मर्जी से अभिषेक के साथ है। उससे किसी ने जबरदस्ती नहीं की। दो दिन बाद छात्रा के पिता थाने पहुंचे और कहा बेटी परेशान है। पुलिस ने दोबारा बयान लिए तो पता चला मामला युवतियों की खरीद-फरोख्त से जुड़ा है। अभिषेक ने ढाई लाख रुपये में सौदा किया है।
