आयुष डॉक्टर की अचानक हुई सेवा समाप्ति के बाद पहुंचे न्यायालय की शरण में

By Abhishek Raghuvanshi
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हाई कोर्ट अधिवक्ता निमेष पाठक द्वारा आयुष डॉक्टर्स को लेकर उच्चन्यायालय में एक याचिका पाठक द्वारा लगाई गई थी। याचिका पर उच्च न्यायालय ने अंतरिम राहत डॉक्टर को प्रदान करते हुए, दोबारा नौकरी पर रखने के शासन को निर्देश दिए हैं…

कोविड कॉल के दौरान पंद्रह पांच 2020 को मध्यप्रदेश शासन द्वारा आयुष डॉक्टर्स को नौकरी पर रखते हुए एक एग्रीमेंट भी साइन करवाया गया था 2020 में आयुष डॉक्टर्स नौकरी पर आए और 31 मार्च 2022 को आयुष डॉक्टर्स की सेवाएं समाप्त कर दें अचानक हुई सेवा समाप्ति के बाद डॉक्टर्स न्यायालय का सहारा लेते हुए उच्च न्यायालय अधिवक्ता निमेष पाठक के माध्यम से उच्च न्यायालय में अपनी नौकरी को लेकर याचिका लगाई उच्च न्यायालय की इंदौर खंडपीठ ने आयुष डॉक्टर्स को राहत देते हुए शासन को निर्देशित किया कि दोबारा इन्हें निरंतर नौकरी पर रखे और 6 सप्ताह का समय शासन को दिया है इस पूरे मामले में जवाब पेश करें अधिवक्ता निमेष पाठक के अनुसार माननीय उच्च न्यायालय में दो महत्वपूर्ण मुद्दों पर हमने अपनी बात रखी थी जिसे सुनने के बाद न्यायालय ने यह फैसला सुनाया है अधिवक्ता पाठक ने जिले भर में अब तक 86 डॉक्टर्स को राहत मिलने की बात मीडिया से कही है और कुल आयुष डॉक्टर की संख्या जिन्हें कोई कॉल मेडिप्रो किया गया था 886 बताइ है…

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