रूस-यूक्रेन जंग जारी है। कई यूक्रेनी शहर खंडहर में तब्दील हो गए हैं। मारियुपोल के हाल तो बदतर हो गए हैं। ये शहर 90 फीसदी तबाह हो गया है। रूसी सेना ने दावा किया कि उसने यूक्रेन के सबसे बड़े बंदरगाह शहर मारियुपोल पर कब्जा कर लिया है। राष्ट्रपति व्लादिमिर पुतिन ने भी मारियुपोल शहर पर जीत की घोषणा की। उन्होंने कहा कि हमने शहर को आजाद कर दिया है। इसी बीच यूक्रेन ने दावा किया है कि रूस ने आम नागरिकों को दफन करने कब्र खोदी हैं।
यूक्रेन के अधिकारियों ने कहा कि मारियुपोल शहर के ठीक बाहर 200 सामूहिक कब्र बनाई गई है। इसकी सैटलाइट तस्वीरें भी सामने आई हैं। अमेरिका की मैक्सार टेक्नोलॉजीज ने नई तस्वीरें जारी की हैं।
रूसी सेना पर अपराध छुपाने के आरोप
मारियुपोल के मेयर वदयम बोयचेंको ने आरोप लगाया कि रूसी सेना मानहूश में अपनी सेना के अपराधों को छिपा रही है। मेयर के सलाहकार पेट्रो ने कहा है कि लंबी तलाश के बाद पता चला है कि मानहूश में रूसी सेना ने मारियुपोल में मारे गए लोगों की लाशों को दफन किया है। वहीं, स्थानीय लोगों का दावा है कि रूस ने मारियुपोल पर कब्जा करते समय 9 हजार आम नागरिकों की हत्या की है और उन्हें इन्हीं सामूहिक कब्रों में दफनाया गया है।
मारियुपोल से 19 किलोमीटर दूर दफन की लाशें
पेट्रो ने बताया कि रूसी सेना ने मानहूश में सामूहिक कब्रों को खोदा है। यह शहर मारियुपोल से 19 किलोमीटर दूर पश्चिम में है। उन्होंने कहा कि रूस के ट्रक लाशों को लेकर गए और सीधे कब्रों में डंप कर दिया। यूक्रेन के अधिकारियों का दावा है कि मारियुपोल में रूसी सेना की बमबारी से सड़कों पर ही 20 हजार लोग मारे गए हैं। इसमें महिलाएं, बच्चे, बुजुर्ग शामिल हैं।
अजोवस्टल प्लांट में फंसे यूक्रेनी सैनिक और नागरिक
न्यूज एजेंसी AFP ने रूस के रक्षा मंत्रालय के हवाले से कहा कि सिर्फ अजोवस्टल प्लांट को छोड़कर पूरे मारियुपोल पर रूसी सेना ने कब्जा कर लिया है। हालांकि प्लांट रूसी सैनिकों से घिरा हुआ है। यहां यूक्रेनी सैनिक और नागरिक फंसे हुए हैं। विदेश मंत्रालय ने एक बयान में कहा- सैकड़ों नागरिक, बच्चे, घायल यूक्रेनी सैनिक प्लांट में शेल्टर लिए हुए हैं। वे यहां फंस गए हैं। उनके पास भोजन, पानी, आवश्यक दवा नहीं है।
प्लांट में फंसे लोगों को मारना चाहते हैं पुतिन
यूक्रेनी विदेश मंत्रालय ने कहा- लोगों की सुरक्षा की गारंटी के साथ अजोवस्टल प्लांट से एक ह्यूमन कॉरिडोर की आवश्यकता है। लेकिन पुतिन ने प्लांट के सभी रास्तों को बंद करने के निर्देश दिए हैं। वे यहां फंसे लोगों को भूखे-प्यासे मारना चाहते हैं। वे लोगों को दर्दनाक मौत देना चाहते हैं।
