मध्य प्रदेश के तमाम सरकारी बैंक के कर्मचारियों द्वारा यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियन के नेतृत्व में दो दिवसीय काम बंद बैंक बंद हड़ताल का ऐलान किया गया है और मांग की गई है कि सरकारी बैंकों को निजीकरण ना किया जाए इससे कर्मचारियों के साथ ही उपभोक्ताओं को भी काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है
इंदौर में यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियन द्वारा दो दिवसीय हड़ताल का ऐलान किया गया है हड़ताल को लेकर यूनियन से जुड़े सदस्य का कहना है कि केंद्र सरकार द्वारा एक बिल बना कर लोकसभा और राज्यसभा में पेश किया जाना है यदि वह बिल पास हो जाता है तो सरकारी बैंक निजी बैंक के रूप में तब्दील हो जाएंगी और यह देश के लिए काफी अहित कार्य सिद्ध होगा इससे भविष्य में बैंक से जुड़े उपभोक्ताओं को भी काफी सारी दिक्कतें आएंगी और इसी कारण से आज बैनर पोस्टर लेकर बैंक यूनियन के माध्यम से सभी कर्मचारी सरकारी बैंकों को बंद कर एकजुटता के साथ नारेबाजी करके प्रदर्शन किया जा रहा है और मांग रखी जा रही है कि सरकारी बैंकों का निजीकरण नहीं हो और यह हड़ताल राष्ट्रव्यापी हड़ताल है यदि भविष्य में मांगे नहीं मानी जाती हैं तो और बड़ा आंदोलन किया जा सकता है
